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पब्लिक मचा रही शोर पुलिस पूछे कहां हैं बच्चा चोर

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लखीमपुर खीरी। जहां भी चले जाओ। हर तरफ बच्चा चोरी होने का शोर मचा है। गांवों में शाम होते ही बच्चा चोर गिरोह की दहशत फैल जाती है। गांव वाले समूहों में इकट्ठा होकर अपने बच्चों को बचाने के लिए घरों की पहरेदारी करने लगते हैं। पुलिस बच्चा चोरी की सूचना मिलते ही मौके पर जाती है। भीड़ से लुटे पिटे मानसिक रोगी या सामान्य व्यक्ति से पूछताछ करती है तो कुछ नहीं मिलता। फिलहाल, बच्चा चोर गिरोह का पुलिस पता नहीं लगा पा रही है।
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20 दिन पहले मचा बच्चा गिरोह का शोर थम नहीं रहा है। निर्दोष व मानसिक रोगियों के साथ आए दिन मारपीट हो रही है। हरियाणा पुलिस भी भीड़ से बच्चा चोरी के शक में पिट चुकी है। इससे पुलिस और प्रशासनिक अफसरों की चिंता बढ़ गई है। इन घटनाओं को रोकने के लिए एएसपी शैलेंद्र लाल ने पहल शुरू की है। उन्होंने सोशल मीडिया का सहारा लिया है। एएसपी ने थाना प्रभारियों से कहा है कि वह हल्का दरोगा को ले जाकर गांवों में बैठकें करें। उनको बताएं कि बच्चा चोर गिरोह कहीं नहीं हैं। अगर कोई बच्चा पकड़ने और चोरी होने की अफवाह पर किसी के साथ मारपीट करेगा तो उस पर सख्त कार्रवाई होगी। अफवाहों पर ध्यान न दें। दूसरों को भी इस संबंध में बताएं। वाह्ट्सएप ग्रुपों पर लगातार बच्चा पकड़ने वाले गिरोह के घूमने की चर्चाएं फैल रही हैं। महिलाओं और अज्ञात युवकों की तस्वीर डालकर उन्हें बच्चा चोर बताया जाता रहा है। इन चर्चाओं से ग्रामीण छोटे बच्चों को लेकर काफी दहशत में हैं। बच्चे भी स्कूल जाने से डरने लगे हैं।
हरियाणा पुलिस समेत छह निर्दोषों को पीट चुकी भीड़
पखवाड़े भर में अफवाहों के चलते बच्चा चोर समझकर निघासन थाना के गांव बबुरी में हरियाणा पुलिस के दरोगा-सिपाही समेत छह से अधिक लोगों को भीड़ पीट चुकी है। सिंगाही में पीटे गए निर्दोष को बचाने पहुंची पुलिस टीम पर भी ग्रामीणों ने हमला कर दिया था। सरकारी गाड़ी क्षतिग्रस्त कर दी थी। इसके अलावा तिकुनियां के बनवीरपुर, थाना भीरा सहित अन्य स्थानों पर भी बच्चा चोर समझकर निर्दोषों को पीटा गया। इनमें से पुलिस ने सिर्फ सिंगाही और निघासन में हुई घटनाओं की रिपोर्ट दर्ज की है।
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अफवाह फैलाने वालों से सख्ती से निपटेगी पुलिस
प्रभारी निरीक्षक सदर फतेह सिंह ने बताया कि वह लोगों को लगातार इस बात की जानकारी दे रहे हैं कि कोई बच्चा पकड़ने वाला कोई गैंग नहीं है। यह महज अफवाह है। लोग अफवाह न फैलाएं और न फैलने दें। अगर कोई व्यक्ति अफवाह के चलते किसी के साथ मारपीट करता है तो उस पर पुलिस सख्त कार्रवाई करेगी।
सोशल मीडिया के माध्यम से भी लोगों से अपील की जा रही है कि कोई बच्चा पकड़ने वाला गिरोह नहीं है। थाना प्रभारियों को भी निर्देश दिए गए हैं कि गांवों में संभ्रांत लोगों के साथ बैठक करें। उन्हें भी इसकी जानकारी दें। अफवाह फैलाने वालों के खिलाफ पुलिस लगातार कार्रवाई कर रही है।
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- शैलेंद्र लाल, एएसपी।
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