दस-दस हजार रुपये की दो जमानतें दाखिल करने पर ही होगी रिहाई संभव रिहा किया जाए।
लखीमपुर खीरी। सर्विस मैटर में कोर्ट के आदेश की अवहेलना करने के आरोप में सेवा प्राधिकरण की तरफ से डीआईओएस ओम प्रकाश त्रिपाठी की गिरफ्तारी के लिए सीजेएम चिंताराम को आदेशित किया गया है। कहा कि जब डीआईओएस को गिरफ्तार करके कोर्ट में लाया जाय या स्वयं डीआईओएस ओम प्रकाश त्रिपाठी हाजिर होते हैं तो उन्हें दस-दस हजार रुपये की दो जमानतें दाखिल करने पर रिहा किया जाए।
दरअसल, इंटर कॉलेज में नौकरी करने वाले भगवती प्रसाद की ओर से राज्य सेवा अधिकरण में सर्विस मैटर में याचिका दाखिल की गई थी, जिस पर न्यायिक अधिकरण के फैसले के बावजूद सही तरीके से अनुपालन नहीं किया जा रहा था। तब अधिकरण में भगवती प्रसाद बनाम सुरेंद्र तिवारी आदि शीर्षक से अवज्ञा याचिका दाखिल किया है, जिसकी सुनवाई करते हुए राज्य सेवा अधिकरण ने डीआईओएस के खिलाफ जमानती वारंट जारी किया है। साथ ही डीआईओएस को पेश कराने के लिए सीजेएम चिंताराम को आदेशित किया है, जिसके अनुपालन में शुक्रवार को सीजेएम ने एसपी को पत्र लिखकर न्यायिक अवमानना के मामले में डीआईओएस की गिरफ्तारी का आदेश दिया है।