गौरीफंटा (लखीमपुर खीरी)। कोरोना पॉजिटिव के शव को सीमा पर भारतीय क्षेत्र में दफना दिए जाने के बाद से गौरीफंटा सीमा पर सतर्कता बढ़ा दी गई है, एसएसबी के नेतृत्व में पुलिस और वन विभाग की टीम संयुक्त रूप से गश्त और पेट्रोलिंग कर रही है। लगातार सीमा पर सुरक्षा एजेंसियां नजर रखे हुए हैं।
बुधवार को नेपाल के कैलाली जिले के गोदावरी नगर पालिका के अंतर्गत एक वार्ड निवासी व्यक्ति की धनगढ़ी में सेती प्रादेशिक अस्पताल में कोरोना संक्रमण से मौत हो गई थी। बाद में उसके शव को नेपाली सेना ने भारतीय क्षेत्र में मोहाना नदी घाट पर दफना दिया था। जिसकी सूचना एसएसबी ने डीएम को दी थी। जिसपर शनिवार को डीएम और एसपी ने गौरीफंटा बॉर्डर पर पहुंचकर नेपाली अधिकारियों से वार्ता की। जिसमें कैलाली डीएम ने गलती होने की बात स्वीकार की थी, यह भी कहा था कि ऐसा दोबारा नहीं होगा। इसी क्रम में खीरी डीएम शैलेंद्र कुमार सिंह के निर्देश पर गौरीफंटा बॉर्डर पर सुरक्षा एजेंसियों ने सतर्कता बढ़ा दी है। गौरीफंटा बॉर्डर पर एसएसबी के सहायक कमानडेंट उपेन्द्र सिंह डागीं के नेतृत्व में गौरीफंटा कोतवाली पुलिस से चौकी इंचार्ज शंखधर भट्ट, गौरीफंटा वन विभाग के रेंजर खड़ग बहादुर समेत जवानों ने बॉर्डर पर गश्त की। इसी क्रम में बॉर्डर सहित पिलरों आदि के आसपास भी गतिविधियों पर भी सुरक्षा एजेंसियां नजर रखे हुए हैं। इस बावत पार्क के डीडी मनोज कुमार सोनकर ने बताया कि बॉर्डर पर दुधवा नेशनल पार्क का क्षेत्र है इसीलिए उन्होंने खुद जाकर दौरा किया और वनकर्मियों को भी निर्देश दिए।