लखीमपुर खीरी। शहर में बड़ी संख्या में ई-रिक्शा संचालित हैं। खास बात यह है कि अधिकांश ई-रिक्शा के पंजीकरण नहीं हैं, जो नियम के खिलाफ है। नगर पालिका ने 26 अप्रैल तक ऐसे ई-रिक्शा संचालकों को पंजीकरण कराने का मौका दिया था, लेकिन अधिकांश ने नहीं कराया। अधिकारियों के मुताबिक, ऐसे ई-रिक्शा संचालकों के चालान सोमवार से काटे जाएंगे।
नगर पालिका के अधिशासी अधिकारी संजय कुमार ने निर्देश दिए थे कि 11 से 26 अप्रैल तक सभी ई-रिक्शा संचालक अपने पंजीयन करा ले अन्यथा की स्थिति में 27 अप्रैल से कार्रवाई की जानी थी। नगर पालिका में इसके लिए अलग से काउंटर भी बना दिया गया है।
रविवार को समय पूरा हो गया, अब तक कुल 40-50 ई-रिक्शा चालकों ने ही अपना पंजीकरण कराया है। नगर पालिका के अनुसार, शहर में अनुमानित आंकड़ा 800 ई-रिक्शा के करीब है, जबकि एआरटीओ कार्यालय में ई-रिक्शा का पंजीकरण करीब 5500 है।
नगर पालिका के अधिकारी कहते हैं कि जिनके पास नगर पालिका का पंजीकरण कागज और आई कार्ड होगा वही ई-रिक्शा सड़कों पर दौड़ सकेंगे। अन्य की स्थिति ट्रैफिक पुलिस को बता दी जाएगी। चेकिंग और चालान आदि का अभियान ट्रैफिक पुलिस ही चलाएगी।
ई-रिक्शा की बढ़ती संख्या लोगों के लिए बनी मुसीबत
सड़कों पर भीड़ की शक्ल में दौड़ रहे ई-रिक्शा लोगों के लिए मुसीबत बन गए हैं। पूरी सड़क को घेरकर चलते ई-रिक्शा चालकों पर प्रशासन लगाम नहीं लगा पा रहा। शहर में बेतरतीब दौड़ रहे ई-रिक्शा के कारण आए दिन लोग दुर्घटना का शिकार हो रहे हैं। जिला प्रशासन, पुलिस, ट्रैफिक पुलिस, एआरटीओ और नगर पालिका कोई कार्रवाई नहीं कर रही। दिन भर बड़ी तादात में ई-रिक्शा दौड़ते हैं। आगे निकलने की होड़ में इसके कारण हादसे हो रहे हैं। बाइक सवार अक्सर इनकी वजह से गिरते हैं। बाइक की तरह किसी भी सड़क और गलियों में प्रवेश कर शहर भर में जाम की स्थिति पैदा कर रहे हैं।
ई-रिक्शा पर बराबर अभियान चलाकर चेकिंग चल रही है। प्रतिदिन 8- 10 ई-रिक्शा के चालान होते हैं। कुछ सीज भी किए जाते हैं। बिना पंजीकरण कोई भी ई-रिक्शा नहीं चल सकेगा। अभियान लगातार चलेगा सड़कों पर जाम नहीं लगने दिया जाएगा। चालान आ से काटे जाएंगे। - शिवम कुमार, सीओ ट्रैफिक
मेला रोड पर पूरी सड़क पर चल रही ई रिक्शा की भीड़, लगा जाम। संवाद