शहीद नसीरुद्दीन मेमोरियल मैदान (विलोबी) में धरने पर बैठे भाकपा माले व ऐपवा के पदाधिकारी। संवाद
लखीमपुर खीरी। भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी (माले) और एपवा के आह्वान पर कार्यकर्ताओं ने मंगलवार को जिला मुख्यालय पर प्रदर्शन किया। संसद मार्च के दौरान छात्रों और युवाओं पर लाठीचार्ज, आंसू गैस और पानी की बौछार के विरोध में विलोबी मैदान से जिलाधिकारी कार्यालय तक जुलूस निकाला और राष्ट्रपति को संबोधित ज्ञापन जिलाधिकारी को सौंपा। प्रदर्शनकारियों ने केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की भी मांग की।
भाकपा (माले) की केंद्रीय कमेटी सदस्य कृष्णा अधिकारी ने कहा कि भाजपा को याद रखना चाहिए कि यह देश गांधी और भगत सिंह दोनों की विरासत समेटे हुए है। इस आंदोलन की बागडोर सोनम वांगचुक, युवा अभिजीत दीपके और आइसा की राष्ट्रीय अध्यक्ष नेहा, मनीष व अमीन जैसे सशक्त हाथों में है, जिनके साथ देश के हजारों छात्र-नौजवान मजबूती से खड़े हैं।
किसान महासभा के जिला सचिव रणजीत सिंह ने कहा कि नौजवान अपने अधिकारों के लिए संघर्ष से पीछे हटने वाले नहीं हैं और मजदूर-किसान उनके साथ खड़े हैं। सभा को एपवा की जिला सहसचिव माला सिंह, अनीता, माधुरी, लीसा मसीह, मैनेजर और रामजीवन सहित अन्य वक्ताओं ने भी संबोधित किया।