घटना के बाद ग्रामीणों ने किया प्रदर्शन
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लखीमपुर खीरी के वन रेंज क्षेत्र अंतर्गत संपूर्णानगर सिंगाही खुर्द के वृंदावन कॉलोनी निवासी 65 वर्षीय चंद्रिका प्रसाद शुक्रवार देर शाम घर से बाहर शौच करने गए। जहां से बाघ बाघ ने हमला कर उन्हें मार डाला। घटना से आक्रोशित ग्रामीणों ने शव को पलिया संपूर्णा नगर मार्ग के मिल तिराहे पर रख वन विभाग मुर्दाबाद के नारे लगाए।
संपूर्णानगर सिंगाही खुर्द के वृंदावन कॉलोनी निवासी विष्णु ने बताया कि उनके पिता चंद्रिका जो अपने घर के पीछे शौचालय में शौच करने गए थे। जब देर तक वह वापस घर नहीं लौटे तो उनको देखने के लिए पीछे गए। जहां वह नहीं दिखे। कुछ दूरी पर जंगल मे उनकी चप्पल मिलीं। घर से चंद कदमों की दूरी पर ही बाघ ने उनको दबोच लिया और जंगल के साथ सटे गन्ने के खेत में ले गया।
चंद्रिका को ढूंढते हुए खेत के पास जब लोग पहुंचे तो शोर शराबा सुनकर बाघ अधखाया शव छोड़कर जंगल में भाग गया। इसकी सूचना वन विभाग को दी गई जो काफी समय बाद वन विभाग के लोग घटना स्थल पर पहुंचे। इस घटना से आक्रोशित ग्रामीण शव को लेकर रेंज कार्यालय की तरफ चल दिए। रास्ते में पुलिस ने रोकने का प्रयास किया, लेकिन आक्रोशित ग्रामीण शव को लेकर रेंज कार्यालय की तरफ जाते रहे। इस दौरान सड़क पर कई बार पुलिस से झड़प भी हुई।
पुलिस से ग्रामीमों की हुई नोकझोंक
समाचार लिखे जाने तक पुलिस व ग्रामीणों के बीच नोकझोंक होती रही। ग्रामीण शव को रेंज कार्यालय के सामने सड़क पर ले जाने पर अड़े रहें और वन विभाग के खिलाफ मुर्दाबाद के नारे लगाते रहें। इस दौरान पुलिस से कई बार झडप हुई वही आक्रोशित ग्रामीणों ने शव को संपूर्णानगर पलिया मार्ग के मिल तिराहे पर रख सड़क जाम कर दिया है। वन विभाग के अधिकारियों को बुलाने की मांग करते रहे।
वृंदावन कालोनी में यह दूसरी घटना है। इससे आक्रोशित ग्रामीणों का वन विभाग के खिलाफ गुस्सा फूटा। जंगल किनारे जाल व बाउंड्री करने के साथ लाइट लगाने की मांग पूर्व में की जा चुकी है। इस संबंध में संपूर्णानगर वन क्षेत्र अधिकारी ललित कुमार ने बताया कि घटनाक्रम को देखकर बाघ ही लग रहा हैं।