लखीमपुर खीरी। शहर कोतवाली की चौकी पुलिस मोबाइल चोरी के शक में फरधान के एक गांव निवासी ग्रामीण के घर से उसके नाबालिग पुत्र को उठा लाई। परिजनों का कहना है कि पुलिस नाबालिग को घर से उठा ले जाने के बाद भी शहर के एक चौराहे से हिरासत में लेने की बात कह रही है। जुबेनाइल कोर्ट ने पुलिस को घटना वाले दिन की चौकी और कोतवाली की सीसीटीवी फुटेज और पुलिसकर्मियों का सीडीआर सुरक्षित रखने का आदेश दिया है।
एसपी को दिए प्रार्थना पत्र में नाबालिग के पिता ने बताया कि 31 मई की सुबह संकटा देवी चौकी का एक दरोगा अपने पांच-छह पुलिसकर्मियों के साथ उसके घर पहुंचा। सभी ने बेटे को बुलाकर पूछताछ करने की बात कही। इस पर बेटे को जब बुलाया तो पुलिसकर्मी उसे अपने साथ ले गए। परिजनों का कहना था कि गांव में ही दो अन्य लोगों को भी मोबाइल चोरी के मामले में हिरासत में लिया गया था , जिन्हें छोड़ दिया गया।
उधर, घटना के दूसरे दिन एक जून को पुलिस ने शहर के प्रेमनगर मोहल्ले से तीन चोरी के मोबाइल बरामद करने का दावा किया। कोतवाली पुलिस ने नाबालिग का चालान कर दिया। इसकी जानकारी होने पर परिजनों ने जुबेनाइल कोर्ट में न्याय की अपील की तो कोर्ट ने मामले को गंभीरता से लेते हुए घटनाक्रम के दौरान की चौकी और कोतवाली की सीसीटीवी फुटेज के अलावा चौकी पर तैनात पुलिसकर्मियों की सीडीआर सुरक्षित रखने का आदेश दिया है। हालांकि पुलिस इस मामले में लीपापोती करने में जुट गई है।