लखीमपुर खीरी। प्रधानमंत्री व मुख्यमंत्री ग्रामीण आवास योजना के तहत जनपद में 583 आवास पिछले पांच सालों से अधूरे हैं। किसी की मौत हो गई तो कोई पलायन कर गया और किसी का आवास नदी में बह गया। अब तक आवासों का निर्माण न होने पर शासन ने गंभीरता दिखाई और जल्द पूरा कराने के निर्देश दिए।
पलिया तहसील में सबसे ज्यादा 87, निघासन में 76, धौराहरा में 51, नकहा में 48, बांकेगंज में आठ आवास अधूरे हैं। इसमें किसी को पहली किस्त तो किसी को दूसरी किस्त जारी कर दी गई। इसके अलावा 101 ऐसे लाभार्थी जो पलायन कर चुके हैं। यानी यह लाभार्थी परिवार सहित कमाने के लिए घर से बाहर चले गए हैं तो कुछ का निधन हो चुका है। अब मृतक लाभार्थी के किसी अन्य सदस्य को शेष किस्त देकर आवास का निर्माण पूरा कराया जाएगा।
पलायन करने वालों को बुलाने का प्रयास किया जाएगा। इनके आवास नदी में चले गए, उनको लेकर भी जल्द ही कुछ न कुछ निर्णय लिया जाएगा। इधर, सोमवार को डीआरडीए के परियोजना निदेशक सोभनाथ चौरसिया ने निघासन ब्लाॅकों के अधिकारियों के साथ बैठक कर विस्तृत रिपोर्ट मांगी है।