खीरी टाउन। खीरी और ओयल रेलवे स्टेशन को स्टेशन बनाए जाने की कस्बावासियों की मांग धरी की धरी रह गई। मंगलवार को इन दोनों को हाल्ट का दर्जा दे दिया गया, जिसके बाद से कस्बा वालों द्वारा किए गए धरना प्रदर्शन बेकार ही चले गए। यहां बता दें कि इन दोनों को स्टेशन का दर्जा देने के लिए डीआरएम ने भी टीम गठित कर निरीक्षण कराया था, तो वहीं सांसद ने भी प्रस्ताव बनाकर रेलवे बोर्ड में भेजा था।
बता दें कि खीरी स्टेशन को स्टेशन ही बनाए रखने के लिए खीरी एकता परिषद सहित कई संस्था के पदाधिकारियों ने मिलकर नौ दिनों तक अनशन किया था। लखनऊ जाकर पूर्वोत्तर रेलवे के डीआरएम को ज्ञापन सौंपा था। इस पर तत्कालीन डीआरएम ने टीम गठित करके खीरी स्टेेशन का निरीक्षण कराया था, लेकिन इन सब के बावजूद खीरी कस्बावासियों की उम्मीदों पर पानी फिर गया। खबर छपने के बाद कस्बावासियों में जहां फिर आक्रोश फैल गया, तो वहीं फिर से धरना प्रदर्शन की सुगबुगाहट भी शुरू हो गई है।
खीरी और ओयल को हाल्ट बनाने का निर्णय पूर्व में लिया जा चुका है। अमान परिवर्तन का कार्य आरवीएनएल करवा रही है। 31 मार्च 2018 तक संपूर्ण कार्य पूर्ण करने का लक्ष्य निर्धारित है।
- विजय लक्ष्मी कौशिक, मंडल रेल प्रबंधक पूर्वोत्तर रेलवे लखनऊ