लखीमपुर खीरी। आंगनबाड़ी केंद्रों पर ड्यूटी न करके आठ कार्यकर्ताओं और आठ सहायिकाओं की सेवा समाप्त कर दी गई है। निरीक्षण के दौरान इनके नदारद रहने की जानकारी विभाग को मिली थी, जिसकी पुष्टि ग्रामीणों ने भी की थी। इसके बाद विभाग ने इन्हें नोटिस देकर जवाब भी मांगा था, लेकिन संतोषजनक जवाब न होने पर डीपीओ एसके श्रीवास्तव ने सभी 16 वर्कर और सहायिकाओं की सेवा समाप्त कर दी हैं।
जिला कार्यक्रम अधिकारी एसके श्रीवास्तव ने बताया कि आंगनबाड़ी केंद्रों का निरीक्षण कराया गया था, जिसमें कई केंद्र ऐसे मिले जहां पता चला कि आंगनबाड़ी कार्यकर्ता और सहायिका कई महीने से नहीं आ रही हैं। इनको नोटिस भी दिया गया, लेकिन कुछ ने जवाब नहीं दिया तो कुछ के जवाब संतोषजनक नहीं थे।
इसके बाद इनकी सेवा समाप्ति की कार्रवाई की गई है, उन्होंने बताया कि फूलबेहड़ ब्लॉक में तैनात आंगनबाड़ी वर्कर श्याम दुलारी, शहरी परियोजना में तैनात ममता गौतम, मितौली में तैनात राजेश्वरी, रामश्री की सेवा समाप्त की गई है। फूलबेहड़ ब्लॉक में तैनात सहायिका बीनू, किरन, लीलावती, अनुपम जायसवाल, ताहिरा, उर्मिला, ऊषा, राबिया की सेवा समाप्त कर दी गई है। इसके साथ ही फूलबेहड़ की ही आंगनबाड़ी वर्कर शशिकला और सरला गोस्वामी की सेवाएं समाप्त कर दी गई हैं। पसगवां ब्लॉक में तैनात शशिबाला और नकहा में तैनात आरती देवी की सेवाएं खत्म की गई हैं। जिला कार्यक्रम अधिकारी ने बताया कि यह वर्कर और सहायिका लंबे समय से काम नहीं कर रही थीं। आंगनबाड़ी केंद्र संचालित न होने की लगातार शिकायतें मिलने पर जांच कराई गई थी।
आठ सीडीपीओ को नोटिस जारी
जिला कार्यक्रम अधिकारी ने बताया कि आठ बाल विकास परियोजना अधिकारियों (सीडीपीओ) रमियाबेहड़, ईसानगर, धौरहरा, बांकेगंज, मितौली, गोला, निघासन और पलिया को नोटिस जारी किया गया है। उन्हें निर्देश दिए गए हैं कि उन आंगनबाड़ी वर्कर और सहायिका की पत्रावली कार्यालय में प्रस्तुत करें, जो लंबे समय से काम नहीं कर रही हैं। काम न करने वाली आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं और सहायिकाओं की सेवाएं समाप्त की जाएंगी, ताकि इनकी जगहों पर नए चयन कराए जा सकें।