संक्रामक रोगों का कहर, बुखार से तीन बच्चों की मौत
दो बच्चों की चिल्ड्रन वार्ड में और एक बच्चे की लखनऊ में मौत
अमर उजाला ब्यूरो
लखीमपुर खीरी। जिले में संक्रामक रोगों का कहर जारी है। बुखार पीड़ित बच्चों के जिला अस्पताल में भर्ती होने और उनकी मौत होने का सिलसिला नहीं थम रहा है। सोमवार को चिल्ड्रन वार्ड में भर्ती दो बच्चों की बुखार से मौत हो गई। जबकि एक बच्चे की मौत लखनऊ में हुई है। बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में बढ़ते संक्रामक रोगों के प्रकोप से ग्रामीणों में हाहाकार है।
धौरहरा के प्रतापी बेहड़ निवासी शरीफ ने बुखार आने पर अपने तीन माह के पुत्र दानिश एवं सहजनी निवासी शुफैद ने दो माह के पुत्र वारिस को बुखार आने पर चिल्ड्रन वार्ड में भर्ती कराया था, जिनकी इलाज के दौरान सोमवार को मौत हो गई। वहीं खमरिया अल्लीपुर निवासी राम मिलन ने बुखार आने पर बृहस्पतिवार को 12 वर्षीय पुत्र रोहित को लखनऊ में भर्ती कराया था, जिसकी इलाज के दौरान सोमवार को मौत हो गई।
इसके अलावा बुखार आने पर बहराइच के सुजौली निवासी योगेंद्र कुमार ने दस वर्षीय पुत्र विक्रांत, निर्मलनगर निवासी अनूप गुप्ता ने सात माह की पुत्री देविका, मितौली निवासी राकेश ने 12 वर्षीय पुत्री अनीता, हाथीपुर निवासी अजीजुन रहमान ने दो वर्षीय सोयमा, ईसानगर के चंपुरवा निवासी राजू ने नौ वर्षीय पुत्र शिवा को सोमवार को चिल्ड्रन वार्ड में भर्ती कराया है। जिनका इलाज जारी है। उधर, बहराइच के रामपुर निवासी पंकज कुमार के पांच वर्षीय पुत्र रामबाबू में एईएस के लक्षण लगने पर उसे आईसीयू वार्ड में शिफ्ट किया गया है। जबकि रजनी और प्रिया का इलाज पहले से जारी है। ईसानगर के त्रिकोलिया निवासी रामनरेश की छह वर्षीय पुत्री राधिका की हालत बिगड़ने पर सोमवार को उसे लखनऊ रेफर कर दिया गया।
वर्जन....
सभी मौतें बुखार से नहीं हो रही हैं। संक्रमण से भी कुछ मौतें हो रही है। फिलहाल बुखार पर अंकुश के लिए गांव-गांव टीमें भेजी जा रही हैं। मच्छरों को मारने के लिए कीटनाशक का भी छिड़काव कराया जा रहा है।
डॉ. मनोज अग्रवाल, सीएमओ