पडरौना। पिट एनडीपीएस की कार्रवाई की जद में आया मादक पदार्थ तस्करी का सरगना विनोद साहनी का नेटवर्क यूपी-बिहार तक ही नहीं, हरियाणा और झारखंड तक फैला है। गिरफ्तारी के बाद विनोद और उसके गुर्गों से पूछताछ में पुलिस ने नेटवर्क के बारे में जानकारी जुटाई थी। गिरोह में शामिल अन्य तस्करों को चिह्नित करने में जुटी पुलिस जरूरत पड़ने पर जेल में बंद सरगना को पूछताछ के लिए रिमांड पर ले सकती है। मादक पदार्थों की तस्करी में चार सिपाहियों का भी नाम सामने आ चुका है।
कसया थाना क्षेत्र के हाईवे पर गोपालगढ़ पुल के नीचे से पुलिस ने अप्रैल में पश्चिमी चंपारण के मझौलिया थाना क्षेत्र के गुदरा के विनोद साहनी और झारखंड के चतरा जिले के गिद्धौर निवासी राहुल कुमार को पुलिस ने ढाई किलो हेरोइन के साथ गिरफ्तार किया था। उनसे पूछताछ के आधार पर पुलिस ने गुदरा गांव निवासी अशोक साहनी को पुलिस ने गिरफ्तार किया। तीनों आरोपी जेल में बंद हैं।
एसपी केशव कुमार की पहल के बाद विनोद साहनी के खिलाफ पिट एनडीपीएस की कार्रवाई की है। इसी कार्रवाई को आधार बनाकर पुलिस अन्य प्रांतों में फैले तस्कर गिरोह के बाकी गुर्गों को चिह्नित किया जा रहा है। सूत्रों ने बताया कि विनोद नेटवर्क की मदद से कुशीनगर के रास्ते बिहार समेत अन्य प्रांतों में मादक पदार्थों की तस्करी कराता है।
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लूट की झूठी कहानी से खुला था खाकी की संलिप्तता का खेल
कुछ माह पहले लूट की झूठी वारदात की जांच में तस्करी में खाकी की संलिप्तता का पता चला था। रामकोला पुलिस ने सिपाही सूरज गिरी, विनोद गुप्ता, जितेंद्र पाल, नितेश यादव के अलावा जंगल नौगांवा टोला खैरा के सुंदरलाल निषाद, गोरखपुर जिले के गुलरिहा थाना क्षेत्र के मंगलपुर टोला मनियता निवासी सुरेश यादव उर्फ सुनील, बिहार बेतिया के रूपहीटाड़ निवासी मनोज बिंद, गोरखपुर के कैंपियरगंज क्षेत्र के रावतगंज निवासी रणजीत यादव उर्फ राहुल, पीपीगंज क्षेत्र के जिंदापुर निवासी पंकज, मऊ जिले के दोहरीघाट क्षेत्र के बीबीपुर निवासी रत्नेश राय, पीपीगंज के जंगल कौड़िया निवासी दीपू भारती, कैंपियरगंज क्षेत्र के राहुखोर निवासी धीरज के खिलाफ एनडीपीएस एक्ट की प्राथमिकी दर्ज की थी। दो सिपाहियों को गिरफ्तार भी किया गया था।
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-पिट एनडीपीएस की कार्रवाई की जद में आया तस्कर विनोद साहनी का नेटवर्क कई प्रांतों में फैला है। इस कार्रवाई को आधार बनाते हुए उसके नेटवर्क के बारे में पुलिस पता कर रही है। इसके पहले मादक पदार्थों की तस्कर के कई मामले सामने आ चुके हैं। इसलिए पुलिस गंभीरता से इस पर काम कर रही है। -सिद्धार्थ वर्मा, एएसपी कुशीनगर