पडरौना। गांवों में बिजली से जुड़ी सेवाओं के लिए अब उपभोक्ताओं को इधर-उधर भटकना नहीं पड़ रहा है। उपकेंद्रों पर तैनात विद्युत सखियां बिजली बिल जमा करने से लेकर नए कनेक्शन की ऑनलाइन प्रक्रिया तक में उपभोक्ताओं की मदद करती हैं। इससे ग्रामीणों को स्थानीय स्तर पर सुविधा मिल रही है और महिलाएं आय का साधन जुटाकर आत्मनिर्भर बन रही हैं।
जनपद में 100 से अधिक विद्युत सखियां अलग-अलग उपकेंद्रों पर अपनी सेवाएं दे रही हैं। ये महिलाएं उपभोक्ताओं के बिजली बिल का ऑनलाइन भुगतान कराती हैं। साथ ही बिल संबंधी जानकारी देती हैं और नए कनेक्शन के लिए ऑनलाइन आवेदन भी कराती हैं। बिजली विभाग से जुड़ी अन्य डिजिटल सेवाओं में भी ये सखियां सहयोग करती हैं। गांवों में इंटरनेट और ऑनलाइन प्रक्रिया की जानकारी कम होने के कारण विद्युत सखियों की भूमिका महत्वपूर्ण हो गई है।
पहले ग्रामीणों को बिजली बिल जमा करने या नए कनेक्शन के लिए बाजार या बिजली विभाग के कार्यालय जाना पड़ता था। अब उपकेंद्र पर ही विद्युत सखी के माध्यम से कई काम आसानी से हो जाते हैं। इससे समय और आने-जाने के खर्च की भी बचत हो रही है।
एनआरएलएम के डीसी फैजल आलम ने बताया कि विद्युत सखियों को डिजिटल माध्यम से काम करने का प्रशिक्षण दिया गया है। ये सखियां मोबाइल और ऑनलाइन माध्यम से उपभोक्ताओं की बिजली संबंधी सेवाओं में मदद करती हैं। इस योजना से महिलाओं को गांव में रहते हुए रोजगार का अवसर मिला है। इससे उनकी आर्थिक स्थिति मजबूत हो रही है।