फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Kushinagar News: भीषण गर्मी में अघोषित कटौती, सता रहा लो वोल्टेज और ब्रेकडाउन

Tue, 28 Apr 2026 02:04 AM IST
गोरखपुर ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, कुशीनगर
विज्ञापन
पडरौना विद्युत उपकेंद्र।संवाद
विज्ञापन
पडरौना। जिले में बिजली निगम की लचर व्यवस्था से लोगों की परेशानी बढ़ गई है। पारा चढ़ने के साथ बिजली व्यवस्था बेपटरी हो गई है। अघोषित कटौती, लो वोल्टेज व ब्रेकडाउन के त्रिकोण में फंस कर उपभोक्ता बिलबिला रहे हैं। विभाग के दावे के विपरीत शहर से ग्रामीण इलाकों तक बिजली की आंख मिचौली का खेल जारी है।
विज्ञापन

लो वोल्टेज के कारण घरों में लगे कूलर, पंखे व उपकरण नहीं चल पा रहे हैं। मोटर नहीं चलने से लोगों को पानी की समस्या हो रही है। हल्की हवा चलते ही या बिना किसी कारण के घंटों बिजली गुल रह रही है। यह सिलसिला दिन व रात दोनों समय जारी है। कटौती की वजह निगम के लोग सिर्फ फॉल्ट का हवाला दे रहे हैं। उसे ठीक करने में घंटों समय ले रहे हैं। शासन की ओर से निर्धारित रोस्टर के अनुसार बिजली की आपूर्ति सिर्फ कागजों तक सीमित है। रात के समय बार-बार ट्रिपिंग व घंटों कटौती से बच्चों व बुजुर्गों की नींद हराम हो गई हैं।

बिजली आपूर्ति को लेकर विद्युत निगम लगातार काम कर रहा है। फॉल्ट,कटौती व ब्रेकडाउन की नौबत न आए इसके लिए उपकरणों के क्षमता वृद्धि व तकनीकी कार्य पूरे कराए जा रहे हैं। सभी बिजली घरों व उपकेंद्रों पर तैनात कर्मियों को फॉल्ट व आ रही दिक्कतों को दूर करने के लिए निर्देश दिए गए हैं। -राकेश मोहन, एसई, विद्युत वितरण मंडल, कुशीनगर
विज्ञापन


यह है शेड्यूल
बिजली निगम का दावा है कि शेड्यूल के मुताबिक ग्रामीण क्षेत्रों को 20, तहसील कार्यालयों को 22 और जिला मुख्यालय को 24 घंटे बिजली की आपूर्ति की जा रही है। लेकिन जमीनी हकीकत व दावे में काफी अंतर है। हालात यह है कि इस तय शेड्यूल के आधे समय ही किसी तरह से बिजली की आपूर्ति की जा रही है,वह भी आंख मिचौली की खेल के साथ,जिससे उपभोक्ता गर्मी में बिल बिला रहे हैं, लेकिन निगम को इससे कोई लेना-देना नहीं है।
0
बिजली आपूर्ति तय शेड्यूल के मुताबिक नहीं मिल रही है। इससे गर्मी में परेशानी बढ़ गई है। विभाग के 24 घंटे आपूर्ति के दावे हवा-हवाई साबित हो रहे हैं। मुश्किल से 10 घंटे ही बिजली मिल रही है। लो वोल्टेज के चलते बिजली के उपकरण नहीं चल पा रहे हैं। -प्रभुनाथ सिंह, सभासद, वार्ड 20, शहीद भगत सिंह नगर
0
कसया नगर के मणीपुरम वार्ड में एक पखवाड़े से केबल फॉल्ट के चलते बिजली आपूर्ति बेपटरी हो गई है। इसके बावजूद कोई विभागीय जिम्मेदार इसे सही कराने की सुध नहीं ले रहा है। हालात यह हैं कि शिकायत दर्ज कराने के बाद भी कोई कार्रवाई नहीं हो रही है। विभागीय जिम्मेदारों को इससे कोई सरोकार नहीं है। -शैलेश पांडेय, मणीपुरम
0
कसया-पडरौना मार्ग के किनारे बिजली आपूर्ति के लिए लगे ट्रांसफाॅर्मर से मणीपुरम वार्ड (बैरिया चौराहे) पर बिजली की आपूर्ति हो रही है। लेकिन 15 दिनों से आपूर्ति का हाल बेहाल है। एक तरफ लो वोल्टेज तो दूसरी तरफ दो-दो घंटे रोक-रोक बिजली दी जा रही है। इससे परेशानी काफी बढ़ गई है। -नवनीत राय, मणीपुरम
0
गांव में बिजली आपूर्ति को बेहतर किए जाने के लिए तार, पोल व ट्रांसफाॅर्मर तो लगा दिए गए हैं लेकिन आपूर्ति नदारद है। इसके चलते बिजली के लगे उपकरण बेकार साबित हो रहे हैं। इसकी शिकायत दर्ज कराए जाने के बावजूद कोई सुधार नहीं किया जा रहा है। -जयप्रकाश कुशवाहा, जंगल मटियरवा
0
एक सप्ताह में हुए करीब 50 फॉल्ट
बिजली घर पडरौना में एक सप्ताह में करीब 50 से अधिक फॉल्ट की शिकायतें आईं। फॉल्ट को ठीक करने में 48 से 72 घंटे तक समय लग रहा है। ऐसे में उपभोक्ताओं को पेयजल सहित बिजली के उपकरणों के संचालन को लेकर परेशानी हो रही है। उन्हें कोई राहत नहीं मिल पा रही है। हालांकि, सर्दी के मौसम में बिजली गर्मी में दगा ने दे, इसके लिए करोड़ों रुपये से क्षमता वृद्धि, तार, पोल सहित उपकरणों को ठीक करने का काम कराया गया है, लेकिन वह सब गर्मी बढ़ते ही राहत की जगह दगा दे रहे हैं।
0
एलटी फ्यूज यूनिट से लैस होंगे 5000 ट्रांसफाॅर्मर
पडरौना। पडरौना व कसया क्षेत्र के उपभोक्ताओं को फाल्ट और ट्रिपिंग से जल्द राहत मिलने वाली है। ग्रामीण इलाकों में बार-बार होने वाले फॉल्ट, ट्रिपिंग व लो वोल्टेज की समस्या को दूर करने के लिए निगम ने रोडमैप तैयार कर लिया है। 5000 ट्रांसफाॅर्मरों को सुरक्षा कवच देने की तैयारी है। इसके तहत एलटी फ्यूज यूनिट लगाई जाएंगी। पडरौना के 3000 और कसया के 2000 (10 केवीए व 16 केवीए) के ट्रांसफाॅर्मरों में एलटी फ्यूज यूनिट लगेगी। यह यूनिट ट्रांसफाॅर्मरों के लिए ढाल का काम करेगी। ओवरलोड व खराबी आने पर यह यूनिट सक्रिय होकर ट्रांसफाॅर्मर को क्षति होने से बचाएगी। निगम का कहना है कि एलटी फ्यूज यूनिट का सबसे बड़ा फायदा यह होगा कि फॉल्ट को ढूंढ़ने और उसे ठीक करने के लिए समय में आएगी कमी। इससे फॉल्ट की सटीक लोकेशन मिल जाएगी। इससे कम समय में दोबारा आपूर्ति बहाल हो जाएगी।
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें