पडरौना। ट्रक से लेकर अवैध शराब को बिहार जा रहे दो तस्करों को पुलिस ने शनिवार को हाईवे से गिरफ्तार कर लिया। ट्रक में 153 पेटी अंग्रेजी शराब छिपाकर रखी गई थी। पुलिस की पूछताछ में तस्करों ने जिले के सरकारी शराब की दुकानों से शराब ले जाकर बिहार में अधिक रेट पर बेचने की जानकारी दी। इसमें शामिल कई धंधेबाजों का नाम तस्करों ने तमकुहीराज पुलिस को बताया है, शराब की दुकान पर काम करने वाले मुनीब भी शामिल हैं। ट्रक समेत शराब की कीमत 37 लाख रुपये बताई जा रही है। कुशीनगर से शराब की तस्करी बिहार में बड़े पैमाने पर हो रही है। शनिवार को सुबह एक ट्रक बिहार के तरफ जा रहा था। इस पर पश्चिम बंगाल का नंबर था। संदेह होने पर तमकुहीराज पुलिस ने रोका और जांच किया तो ट्रक के अंदर शराब की खेप छिपाई गई थी।
शराब तस्करों की पहचान पुलिस ने मुजफ्फरपुर जिले के पुरनी थाना क्षेत्र के अख्तियारपुर गांव निवासी रंजन कुमार, इसी जिले के सरैया थाना क्षेत्र के आनंदनपुर गंगोलिया निवासी सचिन कुमार के रूप में किया। तमकुहीराज सीओ अमित सक्सेना ने बताया कि शराब तस्करों से पूछताछ में कई क्लू मिले हैं, जिस पर पुलिस काम कर रही है। शराब की तस्करी में जिले के धंधेबाज शामिल हैं। इनके माध्यम से तस्कर शराब की खेप बिहार पहुंचाते थे। सूत्रों की मानें तो शराब की दुकान पर काम करने वाले मुनीब का नाम भी सामने आया है, लेकिन पुलिस का उन तक हाथ पहुंचता है या नहीं यह देखना है। पूर्व में भी शराब तस्कर पकड़े गए और सफेदपोशों का नाम सामने आया, लेकिन पुलिस ने कार्रवाई नहीं किया। शराब तस्करी में शामिल धंधेबाजों का नेटवर्क पुलिस खंगाल रही है। इसके खिलाफ अभियान जारी रखने का दावा पुलिस ने किया है। पुलिस के अनुसार शराब की कीमत 12 लाख और ट्रक की कीमत 25 लाख रुपये बताई जा रही है।