गौरी जगदीश में पहुंचीं तमकुही एसडीएम। स्रोत-सोशल मीडिया
दुदही/तिवारीपट्टी। सेवरही थाना क्षेत्र के गौरी जगदीश गांव के सिसवनिया टोले में बाबूलाल की हत्या के बाद एसडीएम की ओर से लिखित आश्वासन मिलने पर परिजनों ने शव का अंतिम संस्कार तीसरे दिन सोमवार की शाम को किया। रविवार की शाम को शव रखकर परिजनों ने सड़क जाम किया था। उस समय भी इनकी मांगों को पूरा करने की बात एसडीएम ने कहा था। वहां से शव लेकर परिजन घर आए और सोमवार को अंतिम संस्कार की बात कही, लेकिन अचानक सुबह परिजन शव दरवाजे पर रखकर एसडीएम से लिखित आश्वासन मांगने लगे। तमकुहीराज एसडीएम शाम को पहुंचीं और 15 दिन के अंदर बंजर, स्कूूल और सड़क की जमीन से अतिक्रमण हटवाने तथा विवादित जमीन का निस्तारण कराने का लिखित आश्वासन दिया।
इसके बाद परिजन शाम को करीब चार बजे शव का दाह संस्कार किए। सुरक्षा के दृष्टिकोण से गांव में पुलिस तैनात है। पुलिस इस मामले में दो आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है।
गौरी जगदीश गांव के सिसवनिया टोला में शनिवार की देर शाम को जमीन के विवाद में 50 वर्षीय बाबूलाल की पीटकर हत्या कर दी गई। हमले में अधेड़ का नाती अमित भी घायल हो गया। बाबूलाल की बहू चिंता देवी की तहरीर पर पुलिस ने दिलीप यादव, संजय यादव, भृगुराशन यादव, बाबूनंदन यादव के खिलाफ हत्या की प्राथमिकी दर्ज कर ली है। गांव में तनाव को देखते हुए पुलिस की तैनाती की गई है। रविवार को पोस्टमार्टम के बाद शव गांव आया तो नाराज लोगों ने दुदही-सेवरही मार्ग को जाम कर दिया। एसडीएम के आश्वासन पर लोग करीब एक घंटे बाद शव का अंतिम संस्कार करने की बात कह कर ले गए, लेकिन अंतिम संस्कार नहीं किए और दरवाजे पर शव रख दिए। सोमवार को सुबह जब पुलिस ने शव का अंतिम संस्कार करने को कहा तो परिजन मना कर दिए।
परिजनों ने कहा कि डीएम और एसपी को मौके पर बुलाया जाए। शाम चार बजे तमकुहीराज एसडीएम आकांक्षा मिश्रा पहुंचीं। परिजनों से बात की। परिजन बंजर, स्कूल और सड़क की जमीन से अतिक्रमण हटाने, अवैध तरीके से चलाए गए दीवार को तोड़ने और जमीन को लेकर चल रहे विवाद का निस्तारण व सुरक्षा की मांग किए। एसडीएम ने लिखित रूप से 15 दिन के अंदर निस्तारण कराने का अश्वासन दिया। इसके बाद परिजन शव को लेकर गए। परिजनों का आरोप है सात फरवरी को अतिक्रमण की शिकायत पुलिस से की गई थी, लेकिन कोई सुनवाई नहीं हुई।
करीब 24 घंटे तक शव दरवाजे पर परिजन रोके रहे। पुलिस ने हत्यारोपी दिलीप यादव, बाबूनंदन यादव को गिरफ्तार कर कोर्ट में पेश किया, जहां से न्यायिक अभिरक्षा में जेल भेज दिया गया। बाकी आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए पुलिस दबिश दे रही है। एसडीएम आकांक्षा मिश्रा ने बताया कि परिजनों को उनकी मांगों का निस्तारण कराने के लिए आश्वासन दिया गया। इसके बाद शव का दाह संस्कार हुआ। गांव में सुरक्षा के लिहाज से पुलिस को तैनात कराया गया है।