21 प्रजातियों के पौधों से गुलजार होंगे गांव
आजादी के अमृत महोत्सव पर 15 अगस्त को हर गांव में लगेंगे पौधे
पडरौना (कुशीनगर)। जिले में औषधीय पौधों की महत्ता के साथ हरियाली बढ़ाने के लिए आजादी के अमृत महोत्सव पर गांव-गांव पौधरोपण का अभियान चलेगा। हर गांव में 21 प्रजातियों के 75 पौधे लगाने की योजना है। इनके रोपण के बाद सुरक्षा की जिम्मेदारी ग्राम पंचायत को दी जाएगी।
इन बहुपयोगी पौधों में 15 पौधों को धार्मिक स्थलों के परिसर में रोपित किया जाएगा। अन्य को गांव की सरकारी भूमि में लगाया जाएगा। डीएम ने बताया कि सभी गांवों में पौधे रोपने की तैयारी करने के निर्देश संबंधित विभागों को दिए जा चुके हैं।
वन विभाग के अधिकारियों के अनुसार गांवों में जिन पौधों का रोपण किया जाएगा, उनमें अधिकांश औषधीय गुणों वाले होंगे। कृषि जलवायु के मुताबिक अधिक छायादार, अधिक से अधिक ऑक्सीजन और फलदार पौधे लगाए जाएंगे। पौधे लगने के बाद इसकी जिम्मेदारी स्थानीय जनप्रतिनिधि और अन्य लोगों को दी जाएगी। पौधरोपण में आम, पीपल, पाकड़, बरगद, नीम, बेल, आंवला, कटहल, चिरौंजी, इमली, शीशम, अर्जुन, कुसुम, लसोड़ा, बरगद, पीपल, पाकड़, गुलर, सीता, अशोक, नीम, आम, हरड़, मधुरस, बहेड़ा, बेल, महुआ, सहजन, जामुन, अमरूद, कटहल सहित अन्य प्रजातियों को शामिल किया गया है।
...
कोट
आजादी के अमृत महोत्सव पर गांवों में लगने वाले पौधों की देखभाल की जिम्मेदारी स्थानीय लोगों को सौंपी जाएगी। इसमें औषधीय, फलदार और छायादार प्रजातियों के पौधों को महत्व दिया जाएगा। एस राजलिंग, डीएम