डॉक्टर की तलाश में पहुंची रामकोला पुलिस।स्रोत-स्रोत-सोशल मीडिया
रामकोला। गीतांजलि हॉस्पिटल पर बृहस्पतिवार को रामकोला पुलिस डाक्टर के न मिलने तथा मोबाइल फोन आफ होने के कारण अस्पताल पर पहुंची।
डाक्टर नहीं मिला, आसपास के लोगों से जानकारी लेने के बाद लौट गई। 22 नवंबर को प्रसूता की ऑपरेशन के बाद हुई मौत के मामले में पुलिस ने प्राथमिकी दर्ज की है। स्वास्थ्य विभाग की जांच रिपोर्ट में संचालक और डॉक्टर की लापरवाही सामने आई थी। इसी रिपोर्ट के आधार पर पुलिस विवेचना कर रही है। नोटिस देने के बाद भी आरोपी संचालक अभी तक पुलिस की पहुंच से दूर है। रामकोला थाना क्षेत्र के सोहरौना गांव निवासी 30 वर्षीय पूनम को प्रसव पीड़ा होने पर 21 नवंबर की रात परिजन मेडिकल कॉलेज ले गए, जहां रात में ऑपरेशन नहीं होने की बात कही।
इसके बाद गांव की आशा कार्यकर्ता पूनम के परिजनों को झांसा देकर रामकोला में संचालित गीतांजलि हॉस्पिटल पर लेकर चली गई। आधी रात को डॉक्टर ने आपॅरेशन कर दिया, महिला ने जुड़वे बच्चे को जन्म दिया। 22 नवंबर को प्रसूता की मौत हो गई।
पोस्टमार्टम रिपोर्ट में ऑपरेशन के बाद टांगा लगाने में लापरवाही बरतने से रक्तस्राव होने से मौत की पुष्टि हुई थी। इस मामले में उसी दिन से संचालक अरविंद शर्मा फरार है,जिसकी तलाश में पुलिस दबिश दे रही है। पुलिस हर पहलुओं को लेकर जांच पुलिस कर रही है, जिस दिन ऑपरेशन हुआ उसे दिन कौन हास्पिटल में कौन कौन डाक्टर शामिल थे, इसमे सबसे बड़ा सबूत हॉस्पिटल में लगे सीसीटीवी कैमरों का फुटेज है जो हॉस्पिटल संचालक अरविंद कुमार शर्मा की गिरफ्तारी के बाद भी मिलेगा। विवेचक सुभाष श्रीवास ने बताया कि आरोपी की तलाश में दबिश दिया जा रहा है।