कसया। थाना क्षेत्र के जुड़वनिया गांव में चाकू से हमला कर निशांत सिंह की हत्या करने वाले दो आरोपियों को पुलिस ने शुक्रवार को कोर्ट में पेश किया, जहां से जेल भेज दिया गया। कसया थाने पहुंचे डीआईजी शिवा सिंपी चनप्पा ने इससे पहले गिरफ्तार किए गए आरोपियों से पूछताछ की। सुरक्षा के दृष्टिकोण से दोनों गांवों में पुलिस और पीएसी के जवान तैनात हैं। एसपी गांव की गतिविधियों की जानकारी ले रहे हैं। निशांत के परिजनों के घर शुभचिंतकों और रिश्तेदारोंं का आना जाना लगा है। नैकाछपरा गांव के अमरपुर टोला निवासी निशांत (22) की चाकू मारकर दो दिन पूर्व जुड़वनिया गांव में नौशाद अंसारी, फैसल आफताब अंसारी ने हत्या कर दी थी। वहीं निशांत का दोस्त कुंदन घायल हो गया था। इस घटना के बाद गांव के लोग उग्र हो गए दो दिन तक पुलिस को लोगों को शांत कराना पड़ा। घटना के बाद पुलिस तत्परता दिखाते हुए दोनों आरोपियों को हिरासत में ले लिया और निशांत के पिता की तहरीर पर प्राथमिकी दर्ज कर लिया।
दो समुदाय का मामला होने के कारण तनाव अभी भी बना है। हिंदूवादी नेताओं का आना-जाना पीड़ित परिवार के घर लगा है। दोपहर में डीआईजी कसया थाने में पहुंचे और गिरफ्तार किए गए आरोपियों से पूछताछ करने बाद सीओ और थानाध्यक्ष से भी अलग-अलग घटना से जुड़ी जानकारी ली। पुलिस की जांच में पता चला कि नौशाद की घर की एक युवती से कुंदन राजभर बात करता था।
मना करने के बाद भी कुंदन नहीं मानता था, इसको लेकर दोनों के बीच टशन चल रही थी। इसी बात को लेकर बृहस्पतिवार को निशांत के साथ बाइक से कसया जा रहे कुंदन राजभर को नौशाद अपने गांव में रोक लिया।
इसको लेकर कहासुनी होने लगी और मारपीट में तब्दील हो गया। इस दौरान चाकू लगने से कुंदन और निशांत घायल हो गए। निशांत की इलाज के दौरान मेडिकल कॉलेज में मौत हो गई। हत्या की खबर सुनते ही गांव वाले सड़क पर उतर गए और भीड़ को कंट्रोल करने में पुलिस का पसीना छूट गया। घटना में प्रयुक्त चाकू, मोबाइल पुलिस ने बरामद कर लिया है।