-वारदात को अंजाम देने के बाद थाने पहुंचकर खुद को किया था पुलिस के हवाले
पडरौना। तुर्कपट्टी थाना क्षेत्र के किशुनदास पट्टी गांव के भुलही टोला में 6 दिसंबर 2021 की रात पत्नी और दो मासूम बेटों की गला रेतकर हत्या अवैध संबंध के शक में की गई थी। वारदात को अंजाम देने के बाद राजेश खुद थाने पहुंचकर पुलिस जानकारी दी थी और पुलिस के समक्ष समर्पण कर दिया था। शुक्रवार को कोर्ट के फैसले के बाद गांव में पांच साल पहले हुई वारदात फिर चर्चा में आ गई। पटीदारों ने कोर्ट की फैसले को सराहा।
किशुनदास पट्टी गांव निवासी राजेश गुप्ता (35) पहले चंडीगढ़ में दर्जी का काम करता था। घटना से करीब तीन माह पहले उसकी मां की सड़क हादसे में मौत हो गई थी। इसके बाद से वह घर पर रहने लगा था। इस दौरान उसे पत्नी पर शक होने लगा था। अवैध संबंध के शक में उसका पत्नी निक्की से अक्सर विवाद होता रहता था। 6 सितंबर 2021 की रात सोते समय राजेश अपनी पत्नी निक्की (30), सात वर्षीय बेटे शिवम और तीन वर्षीय आयुष की धारदार हथियार से गला रेतकर हत्या कर दी। वारदात को इतनी बेरहमी से अंजाम दिया था कि तीनों की बेड पर ही मौत हो गई थी, लेकिन पड़ोसियों को भनक तक नही लगी थी।
वारदात को अंजाम देने के बाद राजेश गुप्ता सीधे तुर्कपट्टी थाने पहुंचा और पुलिस को पूरी घटना की जानकारी दी थी। पुलिस ने उसे गिरफ्तार कर लिया था। पुलिस की विवेचना में पति-पत्नी के बीच लंबे समय से विवाद की बात सामने आई और इसी आधार पर पुलिस ने कोर्ट में चार्जशीट दाखिल की थी। चार्जशीट में पुलिस ने कहा था कि आरोपी राजेश अपनी पत्नी के चरित्र पर शक करता था। इस बाबत साक्ष्य भी प्रस्तुत किए गए। गवाहों के बयान और साक्ष्य के आधार पर कोर्ट ने फैसला सुनाया है।