बदहाल पड़ा छितौनी रेलवे स्टेशन। स्रोत-सोशल मीडिया
खड्डा। पनियहवा से छितौनी-तमकुही रेल लाइन परियोजना को बजट में धन स्वीकृत होने से अब इसके काम में तेजी आएगी। सरकार ने बजट में 895 करोड़ की घोषणा की है। इस परियोजना को दो चरणों में पूरा किया जाएगा। परियोजना को दोबारा बजट दिलाने और चालू कराने के लिए सांसद विजय कुमार दुबे ने संसद में मुद्दा रखने के अलावा रेल मंत्री को पत्र भी लिखा था। इसके अलावा स्थानीय लोगों ने इसके लिए आंदोलन चलाया था।
प्रथम चरण में पनियहवा-छितौनी से मधुबनी तक 28.35 किलोमीटर का निर्माण होगा, जबकि दूसरे चरण में मधुबनी से तमकुही तक 35.84 किलोमीटर रेल लाइन का निर्माण किया जाएगा। इस रेल लाइन के निर्माण से यूपी और बिहार के लाखों लोगों को सुलभ यातायात मिलेगा और बाढ़ की विभीषिका से भी राहत मिलेगी।
20 फरवरी वर्ष 2007 को रेल लाइन की आधारशिला तत्कालीन रेल मंत्री लालू प्रसाद यादव ने छितौनी कस्बे में रखी थी। इस रेल लाइन के निर्माण से पर्यटन, रोजगार और व्यापार को भी बढ़ावा मिलेगा। परियोजना के तहत पनियहवा से छितौनी, जटहा, मधुबनी, धनहा, खैरा टोला, पिपरासी स्टेशन व हाल्ट का निर्माण करके अंतिम स्टेशन तमकुही रोड तक जोड़ा जाना है।
नदी के किनारे की जमीन जहां उपयोगी हो जाएगी वहीं बिहार से कुशीनगर की कनेक्टिविटी बढ़ने से व्यापार को बढ़ावा मिलेगा। बजट मिलने के बाद लोगों में खुशी है और काम में तेजी आने की उम्मीद जताई जा रही है। पूर्वोत्तर रेलवे के जनसंपर्क अधिकारी अशोक कुमार ने बताया कि पनियहवा-छितौनी से मधुबनी तक बनने वाली रेल लाइन परियोजना के लिए बजट स्वीकृत हुआ है। काम में तेजी आएगी।