कप्तानगंज। कप्तानगंज तहसील में तैनात तहसीलदार चंदन शर्मा की मां के नाम से खरीदी गई जमीन में स्टांप शुल्क कम होने को लेकर सहायक आयुक्त (एसी) स्टांप कुशीनगर ने जांच शुरू कर दी है। एक ही खाते और एक ही तारीख में हुई बैनामा में स्टांप शुल्क अलग-अलग होना गंभीर है।
इतना ही नहीं, एक ही गाटा संख्या की जमीन में एक ही दिन तीन लोगों का बैनामा हुआ है। तीसरा बैनामा तहसीलदार की मां के नाम से हुआ है। दो बैनामा में आवासीय भूमि और तीसरे में कृषि योग्य दर्शाया गया है।
तहसील क्षेत्र के बसहिया उर्फ कप्तानगंज के चंद्रिका पुत्र नेपाल ने 6 मार्च 2026 को अपनी जमीन के गाटा संख्या 2706 में कंचन देवी पत्नी अनिल शर्मा निवासी रामपुर बगहा तहसील कप्तानगंज को साढ़े तीन डिस्मिल और पिंकी शर्मा पत्नी पिंटू शर्मा निवासी हरपुर मछागर तहसील कप्तानगंज को तीन डिस्मिल आवासीय आधार पर बैनामा किया। इसी दिन तहसीलदार चंदन शर्मा की मां निर्मला शर्मा पत्नी रामाश्रय शर्मा को साढ़े सोलह डिस्मिल जमीन बैनामा की गई है। इसमें अर्ध कृषि के आधार पर स्टांप ड्यूटी कम लगी है।
जानकारों ने बताया कि जिस गाटा में एक भी रजिस्ट्री आवासीय होती है, तो बाद जितनी भी रजिस्ट्री होगी, वह भी आवासीय होना जरूरी है । खास बात यह है कि अपने ही कोर्ट में अपनी मां की जमीन का खारिज दाखिल का आदेश भी तहसीलदार की ओर से दिया गया है। जांच शुरू होने के बाद तहसीलदार ने मामले को मैनेज करने के लिए हाथ-पांव मारना शुरू कर दिया है।