हाटा सीएचसी में घायलों को इलाज करते चिकित्सक व जुटी भीड़।स्रोत-सोशल मीडिया
हाटा। अहिरौली थाना क्षेत्र के सोनबरसा पट्टन के पास हुए हादसे में टि्रपल राइडिंग और हेलमेट की अनदेखी तीन जिंदगियों पर भारी पड़ गई और दो घरों में मातम छा गया।
हाटा कोतवाली क्षेत्र के डुमरी सवागीपट्टी की शालू (31) घर से इस उम्मीद के साथ निकली थीं कि वह गोरखपुर पहुंचकर सास माधुरी (55) पत्नी अनिरुद्ध का इलाज कराएंगी और स्वस्थ होकर लौटेंगी, लेकिन नियति को कुछ और ही मंजूर था। अहिरौली थाना क्षेत्र के सोनबरसा के पास तेज रफ्तार कार से उनकी बाइक में ऐसी टक्कर लगी कि सास-बहू की सांसें हमेशा के लिए थम गईं। उनके साथ मदद के लिए गया पड़ोस का युवक भी इस हादसे का शिकार बन गया। एक ही पल में तीन जिंदगियां खत्म हो गईं और डुमरी सवांगीपट्टी गांव मातम में डूब गया।
मृतकों में शालू (31) और उनकी सास माधुरी (55) शामिल हैं। परिवार में उस समय कोई पुरुष सदस्य मौजूद नहीं था, इसलिए दोनों इलाज कराने के लिए पड़ोस के 25 वर्षीय विवेक को साथ लेकर गोरखपुर जा रही थीं। विवेक पड़ोसी होने के साथ परिवार का भरोसेमंद सहारा भी था। किसी ने नहीं सोचा था कि यह सफर तीनों का आखिरी सफर बन जाएगा। शनिवार को जैसे ही उनकी बाइक अहिरौली थाना क्षेत्र के सोनबरसा पट्टन के पास पहुंची, सामने से आ रही तेज रफ्तार कार से जोरदार टक्कर हो गई। टक्कर इतनी भीषण थी कि तीनों सड़क पर दूर जा गिरे। स्थानीय लोग दौड़े, पुलिस को सूचना दी गई और घायलों को सीएचसी हाटा पहुंचाया गया, लेकिन डॉक्टरों ने तीनों को मृत घोषित कर दिया।
हादसे की खबर जैसे ही डुमरी सवांगीपट्टी गांव पहुंची, पूरे गांव में कोहराम मच गया, जिस घर में सुबह इलाज की तैयारी हो रही थी, वहां कुछ ही देर बाद मातम छा गया। सास-बहू की एक साथ मौत ने परिवार को गहरे सदमे में डाल दिया। वहीं, पड़ोसी युवक विवेक की मौत से उसके घर में भी चीख-पुकार मच गई। ग्रामीणों का कहना है कि विवेक केवल इंसानियत के नाते दोनों महिलाओं को अस्पताल ले जाने के लिए साथ गया था। उसे क्या पता था कि दूसरों का सहारा बनने निकला यह सफर उसकी अपनी जिंदगी भी छीन लेगा।