पडरौना। जिले में गर्मी ने फिर विकराल होती जा रही है। सुबह से तेज धूप और गर्म हवा ने मौसम को तल्ख बना दिया है। पारा भले ही 40 डिग्री सेल्सियस के आसपास है, पर हवा में नमी बढ़ने से उमस ने लोगों का जीना मुश्किल कर दिया है। कूलर-पंखे बेअसर हो गए हैं और दिनचर्या पूरी तरह प्रभावित हो रही है। बाजार और खेतों में काम करने वाले लोग दोपहर होते-होते पसीने से तर-बतर हो जा रहे हैं। मौसम विभाग के मुताबिक अगले दो दिन तक उमस भरी गर्मी से लोगों को राहत मिलने वाली नहीं है।
बीते तीन दिन पहले हुई बूंदाबांदी से लोगों को जो राहत मिली थी, वो अब खत्म हो गई है। मंगलवार की सुबह से ही सूरज आग उगलने लगा। सुबह नौ बजे के बाद धूप इतनी तेज हो गई, कि सड़कें सूनी पड़ गईं। साथ में चल रही गर्म हवा ने उमस का स्तर और बढ़ा दिया।
कृषि विज्ञान केंद्र सरगटिया के प्रभारी डॉ. पुष्पेंद्र सिंह ने बताया कि तापमान 39 से 40 डिग्री सेल्सियस के बीच है, लेकिन ह्यूमिडिटी 60-65 प्रतिशत होने से 45-46 डिग्री सेल्सियस महसूस हो रहा है। इसकी वजह से पसीना सूख नहीं रहा है और शरीर चिपचिपा महसूस हो रहा है। घरों में कूलर की हवा गर्म लग रही है। रात में भी उमस की वजह से नींद पूरी नहीं हो पा रही। मेडिकल कॉलेज रविंद्रनगर के वरिष्ठ फिजीशियन डॉ. उपेंद्र चौधरी का कहना है इस उमस भरी गर्मी में डिहाइड्रेशन, चक्कर और लू के मरीज बढ़ रहे हैं। लोग सुबह 11 से शाम चार बजे तक घर से न निकलें। सिर ढककर चलें, ओआरएस और छाछ का इस्तेमाल करें। बुजुर्ग और बच्चे खास सावधानी बरतें। उन्होंने लोगों से ठंडा पानी पीने और तैलीय भोजन से परहेज करने के लिए कहा।