कप्तानगंज। गोरखपुर से कप्तानगंज के बीच भी इलेक्ट्रिक इंजन से ट्रेन चलाने की तैयारी लगभग पूरी हो गई है। शुक्रवार को इसके लिए इलेक्ट्रिक इंजन का ट्रायल भी हुआ। वैदिक मंत्रोच्चार से पहले इंजन की पूजा की गई। इसके बाद स्टेशन अधीक्षक ने इंजन को हरी झंडी दिखाकर गोरखपुर छावनी के लिए रवाना किया। माना जा रहा है कि एक पखवारा के भीतर ही इस रूट पर इलेक्ट्रिक इंजन वाले ट्रेनों का संचालन शुरू हो जाएगा।
गोरखपुर-नरकटियागंज रेल मार्ग का विद्युतिकरण कार्य तेजी से चल रहा है। इस रेल खंड पर कप्तानगंज जंक्शन तक का कार्य पूर्ण हो चुका है। करीब 45 किलोमीटर लंबाई तक इलेक्ट्रिक इंजन वाले ट्रेनों का संचालन शुरू करने को लेकर रेलवे प्रशासन ने तैयारियां तेज कर दी हैं। शुक्रवार को इसी क्रम में गोरखपुर से कप्तानगंज जंक्शन तक इंजन के ट्रायल का कार्य होना था। इसके लिए शुक्रवार की सुबह स्थानीय कर्मचारियों और रेलवे स्टेशन अधीक्षक राजेश कुमार की मौजूदगी में इलेक्ट्रिक इंजन की पूजा की गई। इसके बाद स्टेशन अधीक्षक ने हरी झंडी दिखकर अंतिम ट्रायल के लिए इंजन को कप्तानगंज जंक्शन से गोरखपुर छावनी रेलवे स्टेशन के लिए रवाना किया।रेलवे इंजन चालक पवन कुमार सहायक चालक लख्खा राम लोको इपेक्टर मनोज पासवान ने ट्रेन का संचालन शुरू किया।
इस मौके पर रेलवे सुरक्षा बल के प्रभारी सचिन ठाकुर, यातायात निरीक्षक जयंत कुमार, एमके राव, अजय विश्वकर्मा समेत रेलवे के कई अधिकारी एवं कर्मचारी सहित तमाम लोग उपस्थित रहे।