छितौनी। क्षेत्र के किसानों ने सहकारी गन्ना विकास समिति छितौनी परिसर में सोमवार को विरोध प्रदर्शन किया। उन्होंने छितौनी-बी केंद्र पर निर्धारित अवधि में गन्ना तौल कराने के साथ समय से भुगतान कराए जाने की मांग की।
चीनी मिल प्रबंधन सहित जिम्मेदारों को चेताया कि जल्द बंदोबस्त नहीं होने पर आंदोलन करेंगे। गन्ना विभाग की तरफ से क्षेत्र का गन्ना गड़ौरा चीनी मिल को आवंटित किया गया है, लेकिन गन्ना तौल केंद्र छितौनी-बी पर काफी अव्यवस्था है। इसके चलते तौल केंद्र पर एक सप्ताह तक गन्ने से लदी ट्रालियों को केंद्र पर खड़ा करना पड़ रहा है।
इसको लेकर गन्ना किसानों में आक्रोश है, किसानों का आरोप है कि इससे उनके गन्ने का वजन कम होने के साथ परेशानी झेलनी पड़ रही है। वही, पर्ची की अवधि भी खत्म हो जा रही है। किसानों का कहना है कि चीनी मिल की तरफ से पर्ची की अवधि खत्म होने पर उसकी तिथि भी नहीं बढ़ाई जा रही है, जबकि विभाग के अनुसार गन्ने का तौल 48 घंटे के भीतर तौल केंद्र पर किए जाने का प्रावधान है।
आरोप यह भी है कि गड़ौरा चीनी मिल प्रबंधन ने 14 दिनों के भीतर क्रय किए गए गन्ने का भुगतान का आश्वासन दिया था, लेकिन अब 30 दिन बीत जाने के बाद भी उनका भुगतान नहीं किया जा रहा है।
प्रदर्शन करने वाले किसानों में विजय कुशवाहा, जवाहर कुशवाहा, ब्यास कुशवाहा, सुभाष कुशवाहा, हरी गुप्ता, दिनेश आदि शामिल रहे। इस संबंध में सीडीआई पवन पटेल ने कहा कि गन्ना तौल करवाने के मामले को विभागीय अधिकारियों को अवगत करा दिया गया है। जल्द ही समाधान करा दिया जाएगा।