पडरौना। जिले में शुक्रवार शाम को आए चक्रवाती तूफान और बारिश से 50 से अधिक बिजली का पोल, तार और ट्रांसफार्मर गिर गया। इसके चलते शहर से लेकर गांव तक बिजली आपूर्ति ठप हो गई। पडरौना से कसया के बीच 30 से अधिक पेड़ गिर गए। बिजली को ठीक करने में 30 से अधिक वर्कर जुटे रहे। देर रात तक आपूर्ति बहाल नहीं हो सकी थी।
रविंद्र नगर के सरकारी आवास और मेडिकल कॉलेज की आपूर्ति ठप होने से परेशानियों का सामना करना पड़ा। वहीं ग्रामीण क्षेत्रों के उपकेंद्रों से होने वाली सप्लाई भी पेड़ व डालियां गिरने से तार व पोल टूटने के कारण ठप हो गई। शहरों व कस्बों में व्यापारिक काम भी प्रभावित हुए। शाम को मोटर नहीं चलने से लोग पानी को तरस गए। खबर लिखे जाने तक शहर समेत सैकड़ों गांवों की बिजली सप्लाइ बहाल नहीं हो सकी थी।
शुक्रवार शाम 4:30 बजे आंधी बारिश के कारण कसया बिजली घर से विद्युत वितरण उपकेंद्र पडरौना व रविंद्र नगर को आने वाली 33 केवी मेन लाइन पर 20 से ज्यादा पेड़ गिरने से दोनों उपकेंद्रों की बिजली सप्लाई ठप हो गई। वहीं रविंद्रनगर उपकेंद्र से जुड़े मेडिकल कॉलेज, डीएम एवं एसपी आवास, सर्किट हाउस, कलेक्ट्रेट, रविंद्र नगर, छावनी, पुलिस लाइन, साखोपार फीडर के गांवों, भटवलिया फीडर के करीब 16 गांवों की बिजली गुल हो गई।
हाटा डिवीजन के अंतर्गत बिजली घर कसया से विद्युत उपकेन्द्र रामकोला को होने वाली सप्लाई दोपहर 12:15 बजे में ब्रेकडाउन हो गया। अविद्युत उपकेन्द्र छितौनी तेज हवा के कारण शाम चार बजे ब्रेक डाउन हो गया। विद्युत उपकेन्द्र तमकुहीरोड 4:30 बजे की सप्लाई ठप हो गई। विद्युत उपकेन्द्र पटहेरवा की सप्लाई भी 4:30 बजे ठप हो गई। विद्युत उपकेन्द्र फाजिलनगर की बिजली सप्लाई 4:40 बजे गुल हो गई। कुबेरस्थान उपकेंद्र की सप्लाई 4:35 बजे ठप हो गई।
मंसाछापर प्रतिनिधि के अनुसार विशुनपुरा ब्लॉक के मनिकौरा और जरार उपकेंद्र से जुड़े 90 गावों में बिजली आपूर्ति ठप है। कई जगहों पर पेड़ों की डालियां टूटकर तारों पर गिर गई हैं। बिजली का पोल भी टूटकर गिरा है। मनिकौरा उपकेंद्र के अवर अभियंता दीपक कुमार ने बताया कि अभी पेट्रोलिंग हो रही है, अगर पोल नहीं क्षतिग्रस्त हुए होंगे तो देर रात तक बिजली आपूर्ति बहाल हो सकती है।
खड्डा प्रतिनिधि के अनुसार, शाम को आए तूफान के कारण कई पेड़ उखड़ गए। बिजली के पोल व तार टूट जाने से बिजली सप्लाई ठप हो गई है।