सीएम की सख्ती बेअसर, बिजली आपूर्ति और बिगड़ी
कुशीनगर। सात जुलाई को समीक्षा बैठक में सीएम ने बिजली आपूर्ति की बदहाली पर पडरौना और तमकुहीरोड के एक्सईएन को हटा दिया था। इसके बाद से जिला मुख्यालय पर बिगड़ी विद्युत आपूर्ति और बिगड़ गई। सोमवार देर रात तक आपूर्ति सुचारू नहीं हो सकी। 12 जुलाई (शुक्रवार) तक तो प्रतिदिन कुछ घंटे बिजली मिलती रही। पर, शुक्रवार दोपहर करीब 12 बजे से सोमवार देर शाम तक बिजली आई ही नहीं। ऐसे में लोगों को बिजली कब मिलेगी यह स्पष्ट नहीं कहा जा सकता।
उधर, बिजली कटौती से लोगों की दिनचर्या बिगड़ गई है। इन्वर्टर जवाब दे चुके हैं। पानी की सप्लाई बंद है। जिन लोगों के घरों में हैंडपंप है, वे किसी तरह काम चला रहे हैं। मोबाइल चार्ज करने के लिए दूसरे कस्बों में जाना पड़ रहा है। संभ्रांत लोग किसी प्रकार जेनरेटर का इंतजाम कर काम चला रहे हैं। पर, गरीबों और मध्यमवर्गीय परिवारों पर बिजली की अव्यवस्था आफत बनकर टूटी।
सोमवार को बारिश थमी और धूप निकली तो उमस भरी गर्मी पड़ने लगी। शहर के निवासी सुनील मोदनवाल, मनोज सिंह, विजय, संजीव कुमार, शरद चंद, विभूति शर्मा, हेमंत,धर्म केशरी, कन्हैया चौरसिया, समाचार पत्र वितरक मुस्ताक अली, सुदामा प्रसाद, मनीष, आजाद, परमेश्वर, हरेंद्र सिंह आदि ने बताया कि पड़रौना नगर से खराब बिजली व्यवस्था पूूरे प्रदेश में कहीं नही होगी। आठ दिनों से शहर में बिजली की आपूर्ति गड़बड़ा गई है। शुक्रवार से बिजली आई ही नहीं। जिसकी वजह से नित्य क्रिया और स्नान करने, कपड़ा साफ करने की समस्या उत्पन्न हो गई। स्कूली बच्चों को तैयार करने में महिलाओं को परेशानी हो रही है। व्यापारियों का कारोबार चौपट हो गया है।
बिजली निगम के प्रभारी एक्सईएन चंद्रबली ने बताया कि पडरौना विद्युत उपकेंद्र का ट्रांसफार्मर जलने और सात ब्रेकर खराब होने की वजह से समस्या उत्पन्न हुई है। ट्रांसफार्मर रविवार को बदल दिया गया। बिजली नहीं होने से ट्रांसफार्मर का तेल गरम नहीं हो पाया। गोरखपुर से गरम तेल मंगाने की व्यवस्था की जा रही है। सातों ब्रेकर ठीक करा दिए गए हैं। नया ब्रेकर लगाने में कम से कम दो दिन का वक्त चाहिए। सोमवार रात 11 बजे तक बिजली सप्लाई देने की कोशिश की जा रही है। मंगलवार से व्यवस्था ठीक सुचारू होने की संभावना है।
डीएम डॉक्टर अनिल कुमार सिंह ने कहा कि पडरौना नगर की बिजली व्यवस्था सुदृढ़ करने के लिए अधीक्षण अभियंता के साथ मुख्य अभियंता से वार्ता की गई है। बिजली न होने से उपभोक्ताओं का परेशान होना लाजमी है। विद्युत निगम के जिम्मेदारों को हिदायत दी गई है कि अविलंब बिजली व्यवस्था सुधारें। अन्यथा कार्रवाई के लिए शासन को पत्र भेजा जाएगा।