संतकबीरनगर। कोतवाली खलीलाबाद थाना क्षेत्र के हाड़ापार गांव की शारदा देवी (60) की हत्या उनके ही गांव के राहुल चौधरी (35) ने की थी। पुलिस ने शनिवार को आरोपी को गिरफ्तार कर हत्याकांड का खुलासा कर दिया। पुलिस के अनुसार, वह शारदा देवी के गहने लूटना चाहता था लेकिन वह उसे पहचान गईं इसलिए उनकी हत्या कर दी। पुलिस ने राहुल को रविवार को न्यायालय में पेश किया, जहां से उसे जेल भेज दिया गया।
रिजर्व पुलिस लाइंस में रविवार को एसपी संदीप कुमार मीना ने हत्याकांड का खुलासा किया। पुलिस ने आरोपी के पास से महिला के जेवरात व उसका मोबाइल फोन भी बरामद किया है। एसपी ने हत्या के आरोपी को गिरफ्तार करने वाली टीम को 25 हजार रुपये के पुरस्कार स्वरूप देने की घोषणा की।
एसपी ने बताया कि लक्ष्मीचंद यादव निवासी हाड़ापार ने 11 मार्च को कोतवाली पुलिस को तहरीर दी थी। उसके अनुसार, उनकी मां शारदा देवी 10 मार्च की रात करीब 8:00 बजे गांव के समय माता मंदिर पर यज्ञ में गई थीं। उसके बाद घर नहीं लौटीं। 12 मार्च को गांव स्थित नहर के दक्षिण तरफ सरसों के खेत में शारदा देवी का शव मिला। इसके बाद तहरीर के आधार पर थाने में अज्ञात के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कर पुलिस वारदात के खुलासे में लग गई। प्रभारी निरीक्षक कोतवाली खलीलाबाद जय प्रकाश दूबे व एसओजी प्रभारी अजय कुमार सिंह की अगुवाई में पुलिस टीम को हत्यारोपी को पकड़ने के लिए लगाया गया। संयुक्त पुलिस टीम ने शनिवार को घटना में संलिप्त आरोपी राहुल चौधरी निवासी हाड़ापार को थाना क्षेत्र के सिरमोहनी चौराहे के पास से गिरफ्तार कर लिया।
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पहचान गई थी वृद्धा इसलिए कर दी हत्या
एसपी ने बताया कि गिरफ्तार आरोपी से पूछताछ में बताया कि वह ट्रक का खलासी था। कुछ समय पहले वह काम छोड़ दिया। उसके पास पैसे खत्म हो गए थे। समय माता मंदिर में 10 मार्च को यज्ञ था। इसमें गांव की काफी महिलाएं गई थीं। रात करीब 11:00 बजे वह बंधे के पास खेत के किनारे खड़ा था। उसी समय गांव के लक्ष्मीचंद यादव की मां जा रही थीं, जो कान में सोने की बाली और पैर में चांदी की पायल पहने थीं। उसने उन्हें पकड़ लिया और मुंह दबाकर बंधे से नीचे सरसों के खेत में ले जाकर गिरा दिया। वह उसे पहचान गई। अपनी पहचान छिपाने के लिए उसने उसकी गला दबाकर हत्या कर दी और सोने की बाली और पायल को खींचकर भाग गया।