तमकुहीराज। स्थानीय कस्बे के तहसील परिसर के पास स्थित उपनिबंधक कार्यालय परिसर में शनिवार को अचानक हंगामा होने लगा। सूचना के बाद डायल 112 की पुलिस मौके पर पहुंची और लोगों को समझाने लगी। इस दौरान एक युवक उपनिबंधक कार्यालय के अंदर दाखिल हुआ और रजिस्टर्ड वसीयत का सरकारी दस्तावेज लेकर भाग गया।
नगर पंचायत सेवरही के वार्ड नंबर 11 (स्वर्णनगर) निवासी विश्वनाथ की मौत कुछ वर्ष पूर्व हो गई है। इनके आठ पुत्र महेंद्र, श्यामबाबू, मदन, गोविन्द, बद्री, मुरारी, ईश्वर और कन्हैया हैं। अपने मौत से पूर्व विश्वनाथ ने अपनी सम्पत्ती पत्नी हेमंती देवी के नाम रजिस्टर्ड वसीयत कर दिया। पति की मौत के बाद हेमंती देवी (85) मुफलिसी का जीवन जीने लगीं और बाद में सातवे नंबर के पुत्र ईश्वर के साथ रहने लगीं।
वर्ष 2019 में हेमंती देवी ने भरण-पोषण के लिए न्यायालय में वाद दाखिल किया। न्यायालय ने आदेश दिया कि आठो पुत्र गुजारा भत्ता के रूप में हेमंती देवी को चार हजार रुपये मासिक देंगे, लेकिन सात बेटों ने महीने में पैसे नहीं दिए। करीब एक वर्ष पूर्व हेमंती देवी ने अपनी चल-अचल सम्पत्ती अपने पुत्र ईश्वर के नाम से रजिस्टर्ड वसीयत कर दिया। इसके कारण सात पुत्र महेन्द्र, श्याम बाबू, मदन, गोविन्द, बद्री, मुरारी व कन्हैया मां की संपती से वंचित हो गए। शनिवार की शाम चार बजे सातो भाई मां हेमंती देवी की संपती आठो भाइयों में बराबर हिस्से का बटवारा कराने के लिए तमकुहीराज उपनिबंध कार्यालय पहुंचे। जरुरी दस्तावेजों को लिखवाने के बाद उपनिबंधक कार्यालय में दस्तावेज जमा कर दिया गया। इसकी सूचना किसी ने ईश्वर को दे दी। मौके पर पहुंचने के बाद दोनों पक्ष की ओर से उपनिबंधक कार्यालय परिसर में कहासुनी होने लगी। सूचना के बाद डायल 112 की पुलिस मौके पर पहुंची। तभी एक युवक उपनिबंधक कार्यालय में तेजी से घुसा व रजिस्टर्ड वसीयत का दस्तावेज पुलिस के सामने से लेकर भाग गया। उपनिबंधक कार्यालय में मौजूद लिपिक वजील्लाह ने बताया कि सरकारी दस्तावेज लेकर एक युवक भाग गया है। इसकी तलाश कराई जा रही है। पूरा मामला सीसीटीवी कैमरे में कैद है।