पडरौना। आत्महत्या के लिए उकसाने वाले आरोपी की अग्रिम जमानत याचिका जिला एवं सत्र न्यायाधीश ने निरस्त कर दिया है। आरोपी ने न्यायालय में जमानत के लिए अपील किया था। वादी मुकदमा शीला देवी के पति अशोक कुमार सिंह को उनके पिता रंगीलाल करीब चार वर्ष पहले अलग कर दिए थे। उसके पति को उसके पिता ने खेती गृहस्थी के कोई जमीन नहीं दिया। इसलिए परिवार चलाने के लिए अशोक मुम्बई में काम करते थे। 29 मई 2017 की शाम करीब पांच बजे रंगीलाल, सोनमती, संध्या, दीलीप व अनिल ने मिलकर अशोक को घर में बंधक बनाकर एक लाख साठ हजार रुपये छीन लिए। इसके बाद उनके साथ मारपीट की।
इस प्रताड़ना से तंग होकर अशोक ने जहर खा लिया, जिससे उनकी मृत्यु हो गई। इस मामले में तहरीर के आधार पर पुलिस ने आरोपी के विरुद्ध आरोप पत्र न्यायालय में प्रस्तुत किया। आरोपी रंगीलाल सिंह निवासी बौलिया थाना कप्तानगंज ने अग्रिम जमानत याचिका अधिवक्ता के माध्यम से प्रस्तुत किया। उसकी सुनवाई करते हुए जिला एवं सत्र न्यायाधीश सुशील कुमार शशि की न्यायालय ने अपराध की गंभीरता को देखते हुए आरोपी की अग्रिम जमानत याचिका निरस्त कर दिया है।