स्कूल में दूषित पानी पीते हैं बच्चे, कई स्कूलों में बाउंड्री और शौचालय का अभाव
कई परिषदीय स्कूलों में अभी तक नहीं लग सका है बिजली कनेक्शन
फोटो है।
संवाद न्यूज एजेंसी
डिबनी बंजरवा। कायाकल्प योजना के तहत परिषदीय स्कूलों की तस्वीर बेहतर करने के लिए विद्यालयों में 18 पैरामीटर पर कार्य होना है। लेकिन जिम्मेदारों की उदासीनता के चलते तमकुहीराज क्षेत्र के कई परिषदीय विद्यालयों में अभी तक बाउंड्री, पेयजल, बिजली समेत अन्य जरूरी कार्य नहीं हो सके हैं। इसके चलते विद्यालय में नामांकित छात्र-छात्राओं और शिक्षकों को परेशानी हो रही है। क्षेत्र के विद्यालयों में शुद्ध पेयजल की व्यवस्था नहीं होने से स्कूल के बच्चे दूषित पानी पीते हैं।
कान्वेंट स्कूलों को मात देने के लिए परिषदीय विद्यालयों में कायाकल्प योजना के तहत जिला पंचायत राज्य अधिकारी, बेसिक शिक्षा विभाग समेत अन्य विभागों के सहयोग से स्कूल में बाउंड्रीवाल, शिक्षण कक्ष के फर्श की टाइलीकरण, मल्टीपल हैंडवाश, शौचालय, शुद्ध पेयजल, बिजली कनेक्शन समेत अन्य कार्य कराने हैं। लेकिन अभी तक तमकुहीराज क्षेत्र के कई स्कूलों में बाउंड्रीवाल का निर्माण, शुद्ध पेयजल के लिए जरूरी संसाधन उपलब्ध कराने के अलावा बिजली कनेक्शन तक नहीं हो सका है।
पूर्व माध्यमिक विद्यालय लतवा मुरलीधर में अभी तक शुद्ध पेयजल की व्यवस्था नहीं हो सकी है। स्कूल परिसर में लगे इंडिया मार्का हैंड खराब है। इस पंप पर साधारण हैंडपंप का हेड लगाकर किसी तरह कार्य चलाया जा रहा है। इससे दूषित पानी निकलता है। इसके चलते विद्यालय में नामांकित छात्र-छात्राओं को दूषित पानी पीना पड़ता है। इस विद्यालय पर एक अनुदेशक समेत दो शिक्षक तैनात हैं। मंगलवार को विद्यालय पर तैनात अनुदेशक जितेंद्र यादव अनुपस्थित मिले। स्कूल पर मौजूद प्रधानाध्यापक वसी अहमद ने बताया पुस्तकें वितरित कर दी गई हैं।
प्राथमिक विद्यालय कोटवा अहिरौली में लगे सभी इंडिया मार्का हैंडपंप खराब है। इसमें से भी दूषित पानी निकलता है। प्रधानाध्यापक रीना श्रीवास्तव ने बताया विभाग की तरफ से पुस्तकें मिली हैं। इसका वितरण कराया जा रहा है।
माधोपुर बुजुर्ग के मंझरिया टोला स्थित प्राथमिक विद्यालय में भी शुद्ध पेयजल का अभाव है। इस विद्यालय में ग्राम सभा की तरफ से लगी आरओ वाटर मशीन बीते कई दिनों से खराब है। इसके चलते छात्र-छात्राएं घर से बोतल में पानी लेकर स्कूल आते हैं। प्रधानाध्यापक विनय यादव ने बताया स्कूल उपलब्ध संसाधन की जानकारी विभाग को दे दी गई है।
पूर्व माध्यमिक विद्यालय मोरवन मठिया में तो अभी तक बाउंड्री ही का निर्माण ही नहीं हो सका है। गांव के सरेह में संचालित इस विद्यालय में चाहरदीवारी नहीं होने से शिक्षकों और छात्रों में हमेशा असुरक्षा की आशंका बनी रहती है। इसके अलावा इस विद्यालय में अभी तक बिजली का कनेक्शन भी नहीं लग सका है। प्रधानाचार्य निशा श्रीवास्तव ने बताया विद्यालय में सभी जरूरी संसाधन उपलब्ध कराने के लिए प्रयास किया जा रहा है। शीघ्र ही बाउंड्री समेत अन्य सुविधाएं उपलब्ध करा ली जाएंगी। बीईओ अंकिता सिंह ने कहा कि स्कूल परिसर में शुद्ध पेयजल और बाउंड्रीवाल की व्यवस्था के लिए संबंधित विभाग को पत्र भेजा गया है। शीघ्र ही सभी जरूरी कार्य करा लिए जाएंगे।
अभिभावकों ने जताई बच्चों के स्वास्थ्य के प्रति चिंता
- माधोपुर बुजुर्ग के टोला मंझरिया निवासी प्रताप राय ने कहा कि विद्यालय की चहारदीवारी क्षतिग्रस्त से स्कूल बंद होते ही अराजक तत्व पहुंच जाते है। कई बार तो स्कूल समय ही परिसर में पशु दिखाई देते हैं।
- मंझरिया टोला के संतोष राय ने कहा कि विद्यालय में शुद्ध पेयजल का अभाव होने से बच्चों को जलजनित बीमारियां होने की आशंका बनी रहती है। ग्राम सभा का आरोवाटर खराब है। इसकी शिकायत करने के बाद भी अब तक कोई कार्रवाई नहीं हुई।
- लतवा मुरलीधर के आशुतोष राय बुलेट ने कहा कि विद्यालय में इंडिया मार्क हैंडपंप तक नहीं है। इसके अभाव में बच्चे दूषित पानी पीते हैं।
- मोरवन मठिया निवासी जाकिर ने कहा कि विद्यालय गांव से दूर सरेह में स्थित है। यहां बिजली, पानी के साथ चाहरदीवारी नहीं होने से बच्चों की सुरक्षा को लेकर मन चिंतित रहता है।