तुर्कपट्टी। तमकुहीराज तहसील के महुअवा बुजुर्ग गांव में सार्वजनिक भूमि का अतिक्रमण किए कुछ ग्रामीण बृहस्पतिवार को जमीन खाली करते दिखे। मौके पर पहुंची एसडीएम आकांक्षा मिश्रा ने चेतावनी देते हुए कहा कि सभी अतिक्रमणकारी संबंधित गाटा संख्या की भूमि को तुरंत खाली कर दें अन्यथा की स्थिति में शुक्रवार को प्रशासन बल पूर्वक अतिक्रमण हटाएगा
बताते चलें कि उक्त ग्रामसभा निवासी अहमद अंसारी द्वारा चार वर्ष पूर्व उच्च न्यायालय में एक जनहित याचिका दाखिल करते हुए अपने गांव के 74 ग्रामीणों पर ग्राम पंचायत की सार्वजनिक भूमि पर अतिक्रमण का आरोप लगाया था। मामले में फरवरी 2024 में उच्च न्यायालय ने स्थानीय प्रशासन को आदेश देते सभी 74 ग्रामीणों को संबंधित गाटा संख्या से बेदखल करने का आदेश दिया। कोई कार्रवाई नहीं होता देख वादी अहमद अंसारी पुनः न्यायालय पहुंचकर अतिक्रण की गई भूमि पर कोई कार्रवाई नहीं होने की सूचना दी। इस पर 22 अगस्त 2025 को न्यायालय की ओर से उक्त आदेश का सख्ती से पालन कराते हुए डीएम को दो सितंबर तक स्वयं आख्या सहित न्यायालय में उपस्थित होने को आदेश दिया। जिसके क्रम में डीएम के आदेश पर तहसील प्रशासन को अतिक्रमणकारियों के घर पर नोटिस चस्पा कर 28 अगस्त तक भूमि को खाली करने का निर्देश दिया गया।इसी क्रम में बृहस्पतिवार की दोपहर बाद एसडीएम आकांक्षा मिश्रा गांव पहुंच ग्रामीणों से अतिक्रमण वाले भूमि को खाली करने का निर्देश दिया हालांकि कई ग्रामीण अपना घर खाली करते दिखे। इस दौरान हल्का लेखपाल प्रमोद यादव, एसआई कैलाश यादव आदि उपस्थित रहे।
ग्रामीणों ने वादी पर लगाया रास्ते पर कब्जा करने का आरोप
गांव में जमीनी अतिक्रमण को लेकर बेहद गहमा गहमी रही। 74 ग्रामीणों पर सार्वजनिक भूमि कब्जा करने का आरोप लगाने वाले अहमद अंसारी पर उक्त गांव के ही निवासी शैलेन्द्र शाही द्वारा उन्हीं को कटघरे में खड़ा कर दिया। बृहस्पतिवार को जिलाधिकारी दिए प्रार्थना पत्र में उन्होंने आरोप लगाया कि नवीन परती एवं सार्वजनिक रास्ता है जिस पर अहमद अंसारी एवं उनके परिजनों द्वारा कब्जा किया गया है। जिससे सैकड़ों ग्रामीणों का रास्ता अवरुद्ध है। जिलाधिकारी ने मामले का संज्ञान लेते हुए तहसील प्रशासन को कार्यवाही करने का निर्देश दिया।