मेंहदावल। नगर पंचायत क्षेत्र में एक फर्म के नाम पर करोड़ों रुपये की हेराफेरी करने का आरोपी प्राथमिकी दर्ज होने के बाद फरार हो गया है। पुलिस उसकी तलाश में जुट गई है। फर्म के मालिक ने तकनीकी जानकारी न होने के कारण आरोपी को जीएसटी संबंधी कामकाज का जिम्मा सौंपा था। उसने लॉगिन-पासवर्ड का दुरुपयोग करते हुए करोड़ों की हेराफेरी कर ली। पीड़ित की तहरीर पर पुलिस आरोपी के विरुद्ध रिपोर्ट दर्ज कर मामले की जांच में जुटी है।
नगर पंचायत के सुजीत गुप्ता पुत्र महेंद्र प्रसाद गुप्ता निवासी नौदरी ने अपने आरओ मशीन व्यवसाय के जीएसटी से जुड़े काम का जिम्मा ठाकुरद्वारा के अर्पित कुमार वर्मा को सौंपा था। अर्पित ने विश्वास का दुरुपयोग कर एसके इंटरप्राइजेज के नाम से कई फार्मों को फर्जी बिल जारी किए। 23 करोड़ 76 लाख रुपये की उक्त फॉर्म के नाम पर बिल जारी कर हेराफेरी कर ली।
जांच के उपरांत मामला सही पाए जाने पर मेंहदावल पुलिस ने पीड़ित की तहरीर पर आरोपी अर्पित कुमार वर्मा के विरुद्ध प्राथमिक दर्ज की। मामला दर्ज होने की सूचना मिलते ही आरोपी फरार हो गया। पुलिस जहां एक तरफ आरोपी की तलाश में जुटी हुई है, वहीं दूसरी तरफ मामले की जांच कर रही है। थाना अध्यक्ष सुरेंद्र कुमार सिंह का कहना है कि मामले की बिंदुवार जांच की जा रही है आरोपी जल्द ही हिरासत में लिया जाएगा और जो लोग भी इस मामले में शामिल होंगे, सभी के विरुद्ध कार्रवाई की जाएगी।