बारिश में छाता लेकर सड़क पर निकली युवतियां। संवाद
पडरौना। खेतों में सूख रही धान की रोपाई को आसमान से अमृत बन कर बरसी बरखा की बूंदों ने संजीवनी प्रदान की है। बारिश न होने से मायूस किसानों के चेहरे रविवार शाम से सोमवार दोपहर तक हुई रिमझिम से खिल उठे। 24 घंटे में हुई 86.5 मिलीमीटर बारिश से खेतों में पानी भर गया, जिसे देख किसानों के चेहरे खिल उठे। हालांकि, नगरीय क्षेत्रों में जलभराव होने व बारिश के कारण शहर से गांव तक हुई अघोषित बिजली कटौती ने लोगों की परेशानी भी बढ़ा दी।
कृषि विज्ञान केंद्र मौसम वैज्ञानिक श्रुति वी सिंह ने बताया कि बारिश के कारण दिन के अधिकतम तापमान में भी कमी दर्ज हुई है। सोमवार को अधिकतम तापमान 28 व न्यूनतम 26 डिग्री सेल्सियस रहा। आगामी 24 घंटे में आसमान में बादल छाए रहने व कुछ जगहों पर मध्यम बारिश होने की संभावना है। जिले में इस बार 1.16 लाख हेक्टेयर में धान फसल की रोपाई का अनुमान है।