पडरौना। अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश फास्ट ट्रैक कोर्ट नंबर दो सत्यपाल सिंह प्रेमी की न्यायालय ने हत्या के प्रयास के मामले में दोषी सौरहा बुजुर्ग टोला जौहरी थाना नेबुआ नौरंगिया निवासी महेंद्र गुप्ता को 10 वर्ष का सश्रम कारावास की सजा सुनाई है और 45000 रुपये अर्थ दंड से डंडित किया है। सौरहा बुजुर्ग टोला जौहरी थाना नेबुआ नौरंगिया निवासी वादी सुरेंद्र गुप्ता ने तहरीर देकर मुकदमा दर्ज कराया था कि उसकी बुआ सुमिंता देवी और फूफा वर्मा गुप्ता निवासी ग्राम बढ़या छापर थाना जटहा बाजार कुशीनगर उसके घर राखी के त्योहार पर आए थे। उसकी चाय की दुकान उसके गांव के उत्तर दिशा में है। वहां कई दुकानें हैं। 27 अगस्त 2018 को सुबह वह अपने फूफा वर्मा को अपने दुकान पर चाय पिलाकर घर जाने के लिए कहा। उसके दुकान के बगल में केदारी गुप्ता की दुकान है। पुरानी रंजिश को लेकर उक्त दुकानदार उसके फुफा को चाय पिलाने के लिए बुलाया। उसके फूफा अपना समझकर उनके दुकान पर जैसे ही गए पहले से बगल वाले दुकानदार का भाई महेंद्र गुप्ता जो उसके ही गांव का निवासी है उसके फूफा पर भुजाली से जान मारने की नियत से गले पर वार कर दिया।
उसके फुफा अपना बचाव के लिए हाथ बढ़ाए तो भुजाली से उनका हाथ कटकर जमीन पर गिर गया। उसके बाद कई वार किया गया, जिससे उसके फूफा जमीन पर गिरकर तड़पने लगे। इस मामले में आरोपी के खिलाफ थाना नेबुआ नौरंगिया में मुकदमा दर्ज कराया गया था। विवेचक की ओर से आरोपी गण महेंद्र गुप्ता पुत्र रामनारायन व केदारी गुप्ता पुत्र रामनारायन गुप्ता के खिलाफ आरोप पत्र न्यायालय में प्रस्तुत किया गया। इसका विचारण अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश फास्ट ट्रैक कोर्ट नंबर 2 सत्यपाल सिंह प्रेमी की न्यायालय में हुआ। न्यायालय ने आरोपी केदारी गुप्ता को साक्ष्य के अभाव में दोष मुक्त कर दिया गया तथा आरोपी महेंद्र गुप्ता को हत्या के प्रयास का दोषी करार देते हुए 10 वर्ष की सश्रम कारावास व 45000 रुपये अर्थ दंड से दंडित किया गया है।