नेवादा ब्लॉक के नूरपुर गांव में गबन के आरोपी रोजगार सेवक के खिलाफ कार्रवाई को लेकर ग्रामीण लामबंद हो गए हैं। शुक्रवार को ग्रामीणों ने जिलाधिकारी से शिकायत कर रोजगार सेवक के खिलाफ कार्रवाई की मांग की।
शुक्रवार को नूरपुर गांव के विजय कुमार, शिव कुमार, प्रदीप कुमार, सविता देवी, कल्लू, शंकर सिंह, कल्लू, श्रीपाल आदि लोगों ने बताया कि उनके गांव के रोजगार सेवक ने पिछले दिनों लॉकडाउन में मनरेगा योजना के तहत बिना काम कराए सरकारी खाते से 26 हजार रुपये से अधिक रकम निकाल ली है।
ग्रामीणों का कहना है कि उनके ग्राम पंचायत में यह फर्जीवाड़ा पहली बार नहीं हुआ है। इससे पहले भी रोजगार सेवक ने ग्राम सचिव और ब्लॉक के तकनीकी सहायक की मिलीभगत से लाखों रुपये फर्जी तरीके से निकाल लिए हैं।
आरोप है कि ग्रामीणों ने जब रोजगार सेवक की शिकायत खंड विकास अधिकारी से की तो बीडीओ ने बिना जांच के मामले को ठंडे बस्ते में डाल दिया। बीडीओ द्वारा शिकायत पर कार्रवाई नहीं करने पर शुक्रवार को ग्रामीण जिलाधिकारी सुजीत कुमार से मिले। साथ ही आरोपी रोजगार सेवक के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है। शिकायत पर डीएम ने डीसी मनरेगा को जांच सौंपी है।