मीरपुर- जनका मार्ग पर जाम लगाकर बैठे युवक के परिजन। स्रोत- ग्रामीण
पूरामुफ्ती कोतवाली के जनका गांव में मंगलवार दोपहर सड़क किनारे कुआं में गिरे युवक का बुधवार को शव निकाला गया। करीब 24 घंटे बाद एनडीआरएफ वाराणसी के 11 बटालियन के जवानों ने शव को निकाला। कुएं में गैस होने के कारण देरी होने की बात कही जा रही है।
सैनी कोतवाली के रूप नारायण का पूरा गांव निवासी शिवकरन (30) पुत्र शिवशंकर मुंबई में सिलाई का काम करता था। 15 दिन पहले वह पिता के अंतिम संस्कार में शामिल होने के लिए घर आया था। मंगलवार को वह भाभी मनीषा देवी का इलाज कराने पिपरी कोतवाली के मीरपुर गांव स्थित एक निजी दवा खाना आया था।
घर लौटने के दौरान पूरामुफ्ती कोतवाली के जनका गांव के समीप बारिश में भीगने से बचने के लिए वह सड़क किनारे स्थित नलकूप के बारजा के नीचे बैठ गए। बारिश रुकने पर शिवकरन नलकूप पर लगे पेड़ से शरीफा तोड़ने लगा। इसी दौरान फिसलकर वह कुएं में गिर गया।
भाभी की चीख पुकार सुनकर मौके पर ग्रामीणों की भीड़ जमा हो गई। सूचना पर पुलिस और एसडीआरएफ टीम मौके पर पहुंची। कुएं में गैस होने के कारण बचाव अभियान में सफलता नहीं मिली। बुधवार सुबह डीआईजी मनोज कुमार शर्मा के निर्देश पर सीओ राम यज्ञ शुक्ला व उनकी टीम ने कुआं में पानी डलवाया।
इसके बाद दोपहर करीब 12 बजे के बाद एक बार फिर बचाव अभियान शुरू किया गया और पुलिस ने शव को कुएं से बाहर निकाला। इसके बाद पुलिस ने आगे की कार्रवाई शुरू कर दी।