मुख्यालय से सटे माजरा कोडर, संत रविदास नगर वार्ड नंबर 25 में जल निकासी की बदहाल व्यवस्था ने लोग परेशान हैं। नालियों का गंदा पानी सड़कों पर भर गया है, जिससे बस्ती का मुख्य मार्ग तालाब में तब्दील हो चुका है।
पानी की निकासी की उचित व्यवस्था न होने और नालियों के जाम होने से गंदा पानी गलियों की सड़कों पर भरा हुआ है। कड़ाके की ठंड में मुख्य रास्तों पर पानी भरे होने के कारण स्थानीय लोगों का पैदल चलना भी दूभर हो गया है। बच्चों, बुजुर्गों और महिलाओं को सबसे ज्यादा परेशानी हो रही है।
स्थानीय निवासी कामता प्रसाद ने बताया कि स्कूल जाते समय कई बार बच्चे गिर चुके हैं। दोपहिया वाहन सवार भी चोटिल हो चुके हैं। गंदा पानी जमा रहने से मच्छरों का प्रकोप बढ़ गया है। इसके बावजूद न तो नगर निकाय की ओर से सफाई कराई जा रही है और न ही जल निकासी की कोई वैकल्पिक व्यवस्था की गई है।
स्थानीय निवासी गुड्डू मौर्या ने बताया कि कस्बे से हाईवे पर निकलने के लिए उनके यहां दो प्रमुख मार्ग हैं, लेकिन दोनों पर जलभराव होने की वजह से आने-जाने में परेशानियों का सामना करना पड़ता है।
वहीं, मंजू चतुर्वेदी का कहना है कि ठंड में गंदे पानी से गुजरना मजबूरी बन गया है। बच्चों को स्कूल भेजते समय डर लगता है। कई बार स्कूल जाते समय बच्चे पानी भरे रास्ते में गिर चुके हैं।
जयदीप यादव बताते हैं कि मुख्यालय के इतने पास होने के बावजूद हमारी सुध नहीं ली जा रही। हम लोग कई बार नगर पालिका अध्यक्ष को लिखित शिकायत दे चुके हैं, लेकिन आज तक कोई कार्रवाई नहीं हुई।
वर्तमान में हाईवे निर्माण कार्य के कारण नाली की स्थायी व्यवस्था नहीं हो पा रही है। इस समस्या को लेकर ईओ और नगर पालिका अध्यक्ष को अवगत कराया गया है, जो मौके पर पहुंचकर स्थिति देख चुके हैं। फिलहाल हर सप्ताह टैंकर के माध्यम से सड़कों से पानी निकलवाकर वैकल्पिक व्यवस्था की जा रही है। हाईवे निर्माण पूरा होने के बाद स्थायी नाली का निर्माण कराया जाएगा।- धर्मेंद्र यादव, क्षेत्रीय सभासद