जिले में लगातार गिरते भूजल स्तर को सुधारने के लिए शासन की ओर से बड़ी पहल की गई है। वर्षा जल संरक्षण को बढ़ावा देने के उद्देश्य से लघु सिंचाई विभाग जिले के विभिन्न विकास खंडों में सरकारी भवनों के छत पर दो महीने में वर्षा जल संचयन (रूफटॉप रेन वाटर हार्वेस्टिंग) क्लस्टर बनाएगा।
इस योजना पर करीब 1.23 करोड़ रुपये खर्च किए जाएंगे। विभागीय अधिकारियों के मुताबिक यह कार्य क्लस्टर वाइज कराया जाएगा। सबसे अधिक 13 क्लस्टर मंझनपुर विकास खंड में बनाए जाएंगे। इसके अलावा नेवादा विकास खंड में दो, चायल में चार, मूरतगंज में एक, कड़ा में एक, सिराथू में छह और सरसवां विकास खंड में नौ क्लस्टर तैयार किए जाएंगे।
चयनित भवनों की छतों से पाइपलाइन के माध्यम से वर्षा जल को फिल्टर कर रिचार्ज पिट तक पहुंचाया जाएगा, जिससे पानी सीधे जमीन के भीतर जाएगा और भूजल स्तर को बढ़ाने में मदद मिलेगी।
सभी चयनित स्थलों का सर्वे पूरा हो चुका है और जल्द निर्माण कार्य शुरू कराया जाएगा। दो महीने के भीतर कार्य पूर्ण कर लिया जाएगा और बरसात शुरू होने से पहले सभी रेन वाटर हार्वेस्टिंग सिस्टम तैयार कर दिए जाएंगे। -संजय कुमार जायसवाल, सहायक अभियंता, लघु सिंचाई विभाग