शादी कराने गए एक पुरोहित बृहस्पतिवार की सुबह दरियापुर गांव के पास रोड के किनारे बेहोशी की हालत में पड़े मिले। राहगीरों ने पुरोहित को इलाज के लिए जिला अस्पताल में भर्ती कराया। इलाज के दौरान उनकी मौत हो गई।
शादी कराने गए एक पुरोहित बृहस्पतिवार की सुबह दरियापुर गांव के पास रोड के किनारे बेहोशी की हालत में पड़े मिले। राहगीरों ने पुरोहित को इलाज के लिए जिला अस्पताल में भर्ती कराया। इलाज के दौरान उनकी मौत हो गई। पुरोहित की मौत से परिजनों में कोहराम मच गया। सूचना पर जिला अस्पताल पहुंची पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया।
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कोखराज कोतवाली के बिसारा गांव के अयोध्या प्रसाद तिवारी (42) पुत्र चंद्र नारायण तिवारी खेती किसानी के साथ पुरोहित का काम करते हैं। बुधवार की शाम गांव के लाल चंद्र पाल के बेटे की शादी कराने कौशाम्बी कोतवाली के गोपसहसा गांव गए थे। बृहस्पतिवार की सुबह गुवारा दरियापुर के बीच सड़क के किनारे रोड पर वह बेहोश पड़े थे।
उधर से गुजर रहे राहगीर ने अयोध्या को इलाज के लिए एक स्थानीय अस्पताल ले गए। डॉक्टर ने जिला अस्पताल रेफर कर दिया। इलाज के दौरान उनकी मौत हो गई। अयोध्या की मौत से परिजनों में कोहराम मच गया। परिजन रोते हुए अस्पताल पहुंचे। अयोध्या के चार बेटियां प्राची, मन्ना, पवित्रा व गुनगुन व पत्नी रेखा हैं। सूचना पर जिला अस्पताल पहुंची पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया।