सरायअकिल कोतवाली में न्यायालय के आदेश पर नौ महीने बाद महिला के अपहरण का मुकदमा दर्ज किया गया है। महिला के लापता होने पर पुलिस ने गुमशुदगी का केस दर्ज किया था। अब अपहरण का केस दर्ज होने के बाद पुलिस मामले की छानबीन में जुट गई है।
इलाके के रसूलपुर टप्पा गांव निवासी अवधेश कुमार ने बताया कि वह दूसरे शहर में मजदूरी करता है। घर में पत्नी सरिता तीन बच्चों आराध्या, दिव्यांश और अक्षित के साथ रहती थी। अवधेश के मुताबिक, 27 जनवरी 2025 को दोपहर पत्नी सरिता लापता हो गई।
मां अनारकली ने उसे मामले की जानकारी देकर कोतवाली में तहरीर दी। शिकायत पर पुलिस ने पत्नी के गुमशुदा होने का केस दर्ज कर लिया। शहर से वापस लौटने के बाद उसने अपने स्तर से लापता पत्नी के बारे में पता किया। इस दौरान जानकारी मिली की वह प्रयागराज के घूरपुर थाना क्षेत्र के चौखटा गांव में है। आरोप है कि चौखटा गांव के आनंद और उसके दो अज्ञात साथियों ने उसे जबरन घर में बंधक बनाकर रखा है।
इस पर उन्होंने थाने में तहरीर दी। कोई सुनवाई नहीं हुई तो उसने पुलिस अधीक्षक को शिकायतीपत्र दिया। वहां से भी न्याय नहीं मिला तो मजबूरन उसे अदालत की शरण लेना पड़ा। न्यायालय के आदेश पर बुधवार को पुलिस ने आरोपी आनंद और उसके दो अज्ञात साथियों के खिलाफ अपहरण का मुकदमा दर्ज किया है।