शोहदे की छेड़खानी व धमकी से परेशान किशोरी के आत्महत्या के मामले में कोर्ट ने युवक को दोषी करार दिया। एडीजे चतुर्थ की अदालत ने शनिवार को दोषी युवक को पांच साल के कारावास की सजा सुनाई। कोर्ट ने युवक पर दस हजार रुपये का अर्थदंड भी लगाया है।
अभियोजन के अनुसार कोखराज कोतवाली के एक गांव में रहने वाली 15 वर्षीय किशोरी के साथ रामपुर सुहेला निवासी शिवकुमार अक्सर छेड़खानी करता था। उसके परिजनों से शिकायत के बावजूद कोई फायदा नहीं मिला। शिवकुमार किशोरी पर घर से भाग चलने का दबाव बना रहा था।
इनकार करने पर उसने किशोरी व उसके परिवार वालों को जान से मारने की धमकी दे दी। छेड़खानी व धमकी से सहमकर किशोरी ने 27 फरवरी 2019 को अपने घर के अंदर मिट्टी का तेल छिड़कर आग लगा ली। गंभीर हालत में उसे इलाज के लिए एसआरएन प्रयागराज में भर्ती कराया गया। जहां उसकी मौत हो गई। मामले में मृतका के पिता की तहरीर पर कोखराज पुलिस ने नामजद एफआईआर दर्ज कर ली थी।
विवेचना के बाद पुलिस ने आरोप पत्र न्यायालय में प्रस्तुत किया। मुकदमे की सुनवाई अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश चतुर्थ दिनेश तिवारी की अदालत में चली। दोनों पक्षों की बहस सुनने व पत्रावली में मौजूद साक्ष्यों का अवलोकन करने के बाद कोर्ट ने आरोपी युवक शिवकुमार को दोषी माना। कोर्ट ने शनिवार ने शनिवार को फैसला सुनाते हुए शिवकुमार को पांच साल के कारावास और दस हजार रुपये अर्थदंड की सजा सुनाई। अर्थदंड जमा नहीं करने पर दोषी को अतिरिक्त कारावास की सजा भुगतनी होगी।