मंझनपुर। विवादित मकान और जमीन कब्जे को लेकर आलमचंद्र (हर्रायपुर) गांव में तनातनी बनी है। बुधवार की आधी रात भी असलहाधारी दबंगों ने कब्जे के लिए जमकर उत्पात मचाया। मारपीट और तोड़फोड़ की कोशिश की। चीख-पुकार पर गांववालों के जुटने पर हमलावर धमकी देते हुए भाग निकले। दबंगों के हमले से सहमे और भड़के पीड़ित परिवार ने ग्रामीणों और प्रधान के साथ मिलकर बृहस्पतिवार को कलेक्ट्रेट का घेराव किया। डीएम से शिकायत की। जिलाधिकारी ने तहसीलदार चायल को प्रकरण की जांच करके तीन दिन में रिपोर्ट उपलब्ध कराने का निर्देश दिया है।
चायल तहसील क्षेत्र के आलमचंद्र (हर्रायपुर) गांव निवासी शोभालाल ने बताया कि गांव में स्थित पुराने मकान और आबादी की जमीन, पेड़ को स्थानीय कुछ भू माफिया कब्जा करना चाह रहे हैं। आरोप है कि जमीन, मकान कब्जाने के लिए इन भूमाफियाओं ने फर्जी तरीके से सात जुलाई 2014 को विक्रयपत्र भी तैयार करा लिया था। आरोप है कि इसकी शिकायत भी जिलाधिकारी और पुलिस अधीक्षक से की गई थी। इल्जाम है कि बार-बार शिकायत के बाद भी अब तक इस मामले में कोई कार्रवाई नहीं की गई।
इधर, बुधवार की रात करीब 1 बजे विपक्षियों ने हमला कर दिया था। हमलावरों ने आधी रात जबरदस्ती मकान खाली कराने की कोशिश की। चीख-पुकार पर मचने पर गांववाले दौड़े। ग्रामीणों को आता देख हमलावर धमकी देते हुए भाग निकले। आधी रात गांव में हमला करके मकान खाली कराने की कोशिश से ग्रामीणों में गुस्सा है। पीड़ित परिवार के साथ आक्रोशित ग्रामीणों ने प्रधान मनोज कुमार के साथ बृहस्पतिवार को कलेक्ट्रेट का घेराव किया। डीएम से शिकायत की। जिलाधिकारी ने मामले को गंभीरता से लेते हुए तहसीलदार को प्रकरण की जांच का निर्देश दिया है।