आलू की फसल में लगा झुलसा रोग। संवाद
कोहरे और पाले की वजह से आलू की फसल पर संकट गहराता जा रहा है। बीते तीन-चार दिनों में झुलसा रोग का प्रकोप तेजी से बढ़ा है। इससे किसानों की चिंता बढ़ गई है। रायपुर, रानीपुर, हटवा अब्बासपुर, भारतपुर, बरूआ, मिरदहन का पूरा, गढ़ी सहित कई गांवों में बड़े पैमाने पर आलू की खेती होती है।
हटवा गांव के किसान राजा भैया और रिंकू द्विवेदी, रायपुर के ओमप्रकाश त्रिपाठी, कुलदीप त्रिपाठी और हीरालाल सरोज का कहना है कि पाले और घने कोहरे के चलते पत्तियों पर झुलसा रोग के लक्षण दिखने लगे हैं। पत्तियां काली पड़कर सूखने लगी हैं, जिससे उत्पादन पर असर पड़ने की आशंका है।
कृषि विज्ञान केंद्र के वैज्ञानिक अजय सिंह ने बताया कि झुलसा रोग से बचाव और नियंत्रण के लिए किसान मैंकोजेब 75 डब्ल्यूपी (2.5 ग्राम प्रति लीटर पानी), कार्बेन्डाजिम 50 डब्ल्यूपी (1 ग्राम प्रति लीटर), मेटालेक्सिल व मैंकोजेब मिश्रण (2 ग्राम प्रति लीटर) या क्लोरोथालोनिल 75 डब्ल्यूपी का छिड़काव कर सकते हैं।