अर्जलीपुर गांव की मृतक रीता देवी फाइल फोटो
टेंवा। मंझनपुर कोतवाली के अर्जलीपुर गांव के बाहर महुए के बाग में मंगलवार की सुबह एक विवाहिता का शव मिला। विवाहिता के शरीर पर चोट के निशान हैं। मृतका के पिता की तहरीर पर पुलिस ने पति समेत तीन लोगों के खिलाफ दहेज हत्या का मुकदमा दर्ज कर घटना की छानबीन शुरू कर दी है।
पश्चिमशरीरा क्षेत्र के भीटी गांव में रहने वाले बनवारी लाल ने बताया कि उसने अपनी बेटी रीता (25) की शादी चार साल पहले मंझनपुर कोतवाली के अर्जलीपुर निवासी पवन राजपूत से की थी। शादी के बाद दंपती से दो बच्चे आदित्य व अंशिका हुए। आरोप है कि शादी के 2 साल बाद से ससुराली दहेज में दो लाख रुपये नकदी और एक बाइक की मांग को लेकर बेटी को प्रताड़ित करने लगे थे। कई बार उसके साथ मारपीट भी की गई।
ससुरालियों की प्रताड़ना से तंग रीता ने अपने बेटे आदित्य को ननिहाल में छोड़ दिया था। सोमवार की रात ससुरालियों ने दहेज की मांग पूरी नहीं होने पर रीता की गला दबाकर हत्या कर दी और लाश गांव के बाहर महुए की बाग में फेंक दिया। मंगलवार की सुबह बाग में ग्रामीणों ने महिला का शव देख शोर मचाया।
सूचना के बाद पहुंची पुलिस ने मौका मुआयना के बाद लाश पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। इंस्पेक्टर संतोष शर्मा ने बताया कि मृतका के पिता की तहरीर पर पति, ससुर व जेठानी समेत तीन लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर तहकीकात की जा रही है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही सच्चाई सामने आएगी।