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कोरोना: फिर शुरू होगी फोकस सैंपलिंग,बाहर से आने वाले लोगों को सात दिन रहना होगा क्वारंटीन

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Corona: Focus sampling will start again, people coming from outside will have to stay quarantine for seven days - फोटो : KAUSHAMBI
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दक्षिण अफ्रीका सहित कुछ देशों में ओमिक्रॉन वैरिएंट मिलने के बाद स्वास्थ्य विभाग सतर्क हो गया है। एहतियात के तौर पर फिर से फोकस सैंपलिंग शुरू की जाएगी। जनपद के शैक्षणिक संस्थानों में सैंपलिंग शुरू करने की योजना है। सीएमओ डॉ. केसी राय ने बताया कि शासन से फोकस सैंपलिंग का निर्देश मिला है।
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टीमोें को सक्रिय कर दिया गया है। स्वास्थ्य विभाग की टीम स्कूल-कॉलेजों एवं शैक्षणिक संस्थानों में सैंपल लेने जाएगी। उन्होंने कहा कि अब रैंडम सैंपलिंग के साथ ही फोकस सैंपलिंग कर मरीजों का पता लगाया जाएगा। ताकि, जल्द से जल्द पहचान कर संक्रमण को फैलने से रोका जा सके।
रेलवे स्टेशन, बस स्टैंड आदि जगहों पर लोगों के सैंपल लिए जाएंगे। साथ ही अस्पतालों में भी जांच की संख्या बढ़ाई जाएगी। संक्रमण की सूची में शामिल देशों से आने वाले लोगों की निगरानी की जाएगी। बाहर से आने वाले लोगों को सात दिन तक क्वारंटीन में रहना होगा।
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सहालग के सीजन में बढ़ सकता है संक्रमण
सहालग की भीड़ कोरोना महामारी की तीसरी लहर ला सकती है। शादी-ब्याह का मौसम होने की वजह से गैर प्रांतों से प्रतिदिन सैकड़ों की तादाद में लोग आ रहे हैं। इन लोगों की जांच भी नहीं हो रही है और यह सीधे अपने घर पहुंच जा रहे हैं। यदि इसमें से कोई कोरोना संक्रमित निकला तो जिले में कोरोना वायरस के संक्रणम को फैलने से रोकना कठिन हो जाएगा।
पिछले दो वर्षों से कोरोना कहर बरपा रहा है। पहली लहर के प्रति लोग जितना सजग थे, दूसरी लहर में उस प्रकार की सजगता नहीं दिखी। कोरोना संक्रमण से अब तक जिले में 70 लोगों की मौत हो चुकी है। ये ऐसे लोग थे, जिनकी जांचें हुईं थीं। जिले में बड़ी संख्या में ऐसे लोग भी रहे, जिनमें कोरोना के लक्षण थे और उन्हें अस्पताल में भर्ती कर इलाज भी किया जा रहा था। संक्रमण सुस्त पड़ने के कारण लोग पूरी तरह से लापरवाह हो चुके हैं।
आम आदमी भी अब कोरोना से डरने के बजाय सामान्य रूप से कामकाज कर रहा है। लोग बगैर मास्क के घूम रहे हैं। मुख्य चिकित्साधिकारी डॉ. केसी राय ने बताया कि शासन की गाइड लाइन का पूरा पालन किया जा रहा है। शासन से जैसा निर्देश मिलेगा उसी के अनुरूप कार्य किया जाएगा।
जागरूक होकर सभी लोग कराएं टीकाकरण
कौशाम्बी ब्लॉक क्षेत्र के सोधिंयामई गांव में चाइल्ड फंड इंडिया की ओर से मंगलवार को बाल विकास परियोजना के तहत कार्यशाला हुई। इसमें कोविड-19 टीकाकरण के लिए प्रचार-प्रसार कर करने को कहा गया। साथ ही स्वास्थ्य कार्यकर्ताओं, फ्रंटलाइन वर्करों और चाइल्ड फंड के सामाजिक कार्यकर्ताओं को जागरूक किया गया।
राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन के डीपीएम ओमप्रकाश राव ने बताया कि अभी कोरोना के खिलाफ आधी जंग जीती गई है। आगे की लड़ाई अभी बाकी है। कोविड-19 के लिए जो आवश्यक सावधानियां हैं, उनका अनुपालन करें। कोरोना की संभावित तीसरी लहर के रूप वायरस का एक नया वैरिएंट आया है, जो कोरोना वायरस से सात गुना अधिक खतरनाक है।
इससे निपटने के लिए सहयोगात्मक रूप में चाइल्ड फंड इंडिया के साथ मिलकर कार्य करेंगे। साथ ही आवश्यकतानुसार फ्रंटलाइन वर्कर आशा, आंगनबाड़ी, एएनएम आदि कर्मचारी साथ मिलकर काम करेंगे। संस्था के अरुण कुमार ने टीकाकरण कराने को लेकर अपने विचार रखे।
कार्यक्रम में उपस्थित 42 आशाओं, आशा संगनियों एवं एएनएम को कोविड-19 से बचाव के लिए मेडिकल इक्यूपमेंट सपोर्ट किट दिए गए। जिसमें पल्स ऑक्सीमीटर, इंफ्रारेड थर्मामीटर, मास्क, फेस शील्ड और पीपीई किट आदि शामिल थे। इस दौरान डिस्ट्रिक्ट प्रोसेस मैनेजर संजय कुमार, अरुण कुमार, ऋषभ गुप्ता, जागेश्वर पांडेय, सुनील कुमार, बालेंद्र सिंह आदि उपस्थित रहे।
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