भारत के मुख्य न्यायाधीश बीआर गवई कौशाम्बी पहुंचे।
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विद्यालय में दी जाए गुणवत्ता युक्त शिक्षा
सीजेआई ने कहा कि धरती माता के बारे ने लघु नाटिक के माध्यम से पर्यावरण का जो संदेश बच्चों ने दिया है उससे हम सबको सीख लेनी चाहिए। कहाकि विद्यालय की इमारत कितनी भी अच्छी हो यह मायने नहीं रखता है। विद्यालय में शिक्षा की गुणवत्ता क्या है और यहां कैसी शिक्षा दी जा रही है यह विशेष महत्व रखता है। कहा कि कुछ ही दिन में सेवानिवृत्त होने वाला हूं। रिटायरमेंट के पहले यहां पहुंच गया बहुत अच्छा लगा। इसके लिए उन्होंने सुप्रीम कोर्ट के न्यायमूर्ति जस्टिस विक्रम नाथ, इलाहाबाद विवि की कुलपति प्रो. संगीता श्रीवास्तव समेत अन्य लोगों के प्रति आभार जताया। इस मौके पर इलाहाबाद हाईकोर्ट से मुख्य न्यायाधीश अरुण भंसाली समेत तमाम न्यायाधीश और न्यायिक अधिकारी मौजूद रहे।