फोटो50कासगंज में बरेली-मथुरा निर्माणाधीन सिक्सलेन मार्ग से प्रशिक्षु विमान से टकराने के बाद
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विद्युत तारों की वजह से सही से नहीं हो सकी लैंडिंग, आबादी में क्रैश होता विमान तो होता बड़ा हादसा
कासगंज। अलीगढ़ से उड़ान भरने के बाद प्रशिक्षु विमान में जब तकनीकी खराबी आ गई तो महिला पायलट कायनात खान ने घबराने के बजाय सूझबूझ से काम लिया।
एविएशन कंपनी से संपर्क टूटने और विमान के रास्ता भटकने पर पायलट ने कम ऊंचाई पर उड़ान भरते हुए जिले की सीमा में आबादी क्षेत्र के ऊपर दो से तीन बार चक्कर लगाए। फिर विमान को आबादी से बाहर ले जाकर निर्माणाधीन बरेली-मथुरा सिक्स लेन हाईवे पर इमरजेंसी लैंडिंग कराने की कोशिश की ताकि हादसे में जनहानि न हो। हालांकि, इमरजेंसी लैंडिंग का प्रयास करते समय विमान विद्युत तारों की चपेट में आ गया। इस वजह से हाईवे पर सही से लैंडिंग नहीं हो सकी और विमान हाईवे के किनारे मिट्टी पर क्रैश हो गया।
हादसे के बाद मौके पर पहुंची एविएशन कंपनी की टीम के अनुसार, जब विमान ने अलीगढ़ से उड़ान भरी थी तो उसमें एक घंटे का फ्यूल था। विमान के भटक कर कासगंज की ओर आ जाने और काफी देर तक उसकी लोकेशन नहीं मिलने पर कंपनी में खलबली मच गई। बाद में उसके कासगंज में क्रैश होने की सूचना मिली। अब एविएशन कंपनी की टीम हादसे की वजह जानने के लिए जांच में जुटी है कि हादसा किन हालात में हुआ।
डीसीजीए की टीम करेगी हादसे की जांच
प्रशिक्षु विमान हादसे की जानकारी मिलने पर दिल्ली से नागर विमानन महानिदेशालय (डीसीजीए) की टीम रवाना हो चुकी है। टीम देर रात तक कासगंज पहुंचकर मामले की जांच शुरू कर सकती है। जांच के बाद ही हादसे की असल वजह सामने आ सकेगी।