कासगंज। मौसम में हो रहे बदलाव और संक्रामक बीमारियों के बढ़ते प्रसार के कारण शनिवार को जिला अस्पताल की व्यवस्थाएं चरमरा गईं। ओपीडी खुलते ही मरीजों की भारी भीड़ उमड़ पड़ी जिसके चलते दिनभर अस्पताल परिसर में गहमागहमी का माहौल रहा। शनिवार को कुल 1754 मरीजों ने पंजीकरण कराया, जिनमें से गंभीर स्थिति वाले 27 मरीजों को अस्पताल के वार्डों में भर्ती किया गया जिससे वार्ड लगभग फुल हो गए हैं।
सुबह अस्पताल खुलते ही पर्चा काउंटर, चिकित्सक कक्षों (ओपीडी) और दवा वितरण केंद्र पर मरीजों व उनके तीमारदारों की लंबी कतारें लग गईं। मरीजों को पर्चा बनवाने से लेकर डॉक्टर को दिखाने और पैथोलॉजी लैब में जांच कराने के लिए घंटों इंतजार करना पड़ा।
अस्पताल के आंकड़ों के अनुसार, पंजीकृत 1754 मरीजों में से सर्वाधिक 410 मरीज मौसमी बुखार से पीड़ित थे, जबकि 321 मरीज दमा व एलर्जी की बीमारियों से ग्रस्त पाए गए। डॉक्टरों का कहना है कि तापमान में उतार-चढ़ाव और धूल-धुएं के कारण वायरल फीवर, फ्लू और सांस संबंधी बीमारियों के मामलों में तेजी से वृद्धि हुई है।
चिकित्सकों की सलाह
पीने के लिए केवल उबले या स्वच्छ पानी का ही प्रयोग करें
बुखार या सांस लेने में तकलीफ होने पर खुद से दवा न लें,
बारिश में भीगने से बचें, बच्चों का ध्यान रखें
वर्जन
मौसम में बार-बार होने वाले बदलाव की वजह से बीमारियां फैल रही हैं। ऐसे मौसम में बचाव आवश्यक है। लापरवाही से स्वास्थ्य प्रभावित हो सकता है। - डाॅ. संजीव सक्सेना, सीएमएस